Delhi: इंटरनेशनल ड्रग रैकेट का भंडाफोड़, 250 करोड़ रुपये की हेरोइन के साथ 5 अरेस्ट
दिल्ली पुलिस (Delhi Police) की स्पेशल सेल ने गुरुवार को कहा कि उसने (अफगानिस्तान के) कंधार और कश्मीर में 54 किलोग्राम से अधिक हेरोइन के साथ पांच व्यक्तियों की गिरफ्तारी के साथ एक अंतर्राष्ट्रीय ड्रग रैकेट का भंडाफोड़ किया है. हेरोइन की कीमत 250 करोड़ बताई गई है.
नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस (Delhi Police) की स्पेशल सेल ने गुरुवार को कहा कि उसने (अफगानिस्तान के) कंधार और कश्मीर में 54 किलोग्राम से अधिक हेरोइन के साथ पांच व्यक्तियों की गिरफ्तारी के साथ एक अंतर्राष्ट्रीय ड्रग रैकेट का भंडाफोड़ किया है. हेरोइन की कीमत 250 करोड़ बताई गई है. पुलिस उपायुक्त (विशेष प्रकोष्ठ), प्रमोद सिंह कुशवाह ने कहा कि अल्ताफ उर्फ महराजुद्दीन दारजी, आबिद हुसैन सुल्तान, हशमत मोहम्मदी, तिफाल नउ खेज उर्फ तेली और अब्दुल्ला नजीबुल्लाह उर्फ नबी को गिरफ्तार किया गया और मादक पदार्थ बनाने वाले एक कारखाने को बंद कर दिया गया. बाटला हाउस के इलाके का पता लगा लिया गया है. COVID संकट में लोगों की मजबूरी का फायदा उठाने वाले 100 से ज्यादा लोगों को दिल्ली पुलिस ने पकड़ा
कुशवाह ने कहा कि एक ऑपरेशन के दौरान, अल्ताफ उर्फ मेहराजुद्दीन दारजी का नाम कश्मीर-आधारित नार्को-मॉड्यूल के वरिष्ठ संघचालक के रूप में आया था, जो अक्सर कालीन व्यापार के तहत दिल्ली-एनसीआर का दौरा करता था. उन्होंने कहा कि 2 मई को खुफिया जानकारी मिली कि अल्ताफ दिल्ली के अशोका रोड इलाके में किसी को हेरोइन देने गया है.
अधिकारी ने कहा कि एक जाल बिछाया गया और श्रीनगर के रहने वाले 45 वर्षीय अल्ताफ को दक्षिणी दिल्ली के जाकिर नगर इलाके से गिरफ्तार किया गया और उसके कब्जे से 4.5 किलोग्राम निषिद्ध माल बरामद किया गया. उसके खिलाफ नार्कोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सबस्टेंस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है.
उन्होंने कहा, "अल्ताफ द्वारा किए गए खुलासे के आधार पर छापेमारी की गई और दूसरे आरोपी 40 वर्षीय आबिद हुसैन सुल्तान को गिरफ्तार किया गया और विनोबा पुरी स्थित उसके घर से कुल 12 किलोग्राम मादक पदार्थ बरामद किया गया. सुल्तान भी श्रीनगर का स्थायी निवासी है."
कुशवाह ने कहा कि गिरफ्तारी के साथ जांच का दायरा बढ़ाया गया है. उन्होंने कहा कि सबूतों के साथ गिरफ्तार किए गए दोनों अभियुक्तों से पूछताछ में खुलासा हुआ कि हाजी नाम के किसी व्यक्ति ने मादक पदार्थ भेजा था, जिसे अमृतसर के लाखा द्वारा आपूर्ति किए जा रहे रसायनों का उपयोग करके और अधिक परिष्कृत किया जा रहा था.
उन्होंने कहा, "इस मॉड्यूल में अफगानी की पहली ठोस भागीदारी जाकिर नगर में रहने वाले एक अफगान नागरिक हशमत मोहम्मदी के नाम से सामने आई. इस मामले में सावधानीपूर्वक जमीनी काम करने वाला काबुल का एक स्थायी निवासी मोहम्मदी (31) था. उसे जब गिरफ्तार किया गया, उस समय वह स्कूटी चला रहा था जो सुल्तान की थी."
दोपहिया वाहन के ग्लोव-बॉक्स की जांच करने पर एक और पांच किलो का कंट्राब बरामद किया गया और मोहम्मदी को गिरफ्तार कर लिया गया. पूछताछ में उसने खुलासा किया कि अफगानिस्तान में रहने वाले कासिम और हाजी से प्रतिबंधित सामग्री मंगवाई जा रही थी. मोहम्मदी ने यह भी खुलासा किया कि स्पेशल सेल द्वारा साल 2019 में किए गए भंडाफोड़ के जैसा ही मादक पदार्थ का कारखाना जाकिर नगर में चल रहा था.
(The above story first appeared on LatestLY on May 14, 2021 12:12 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

