हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल वीज का बयान, प्लाज्मा थेरेपी का नहीं करेंगे इस्तेमाल
कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने का अब तक कोई कारगर इलाज उपलब्ध नहीं हो पाया है. लेकिन कोरोना वायरस के इलाज में प्लाज्मा थेरेपी के इस्तेमाल को लेकर हरियाणा (Haryana) के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज (Anil Vij) ने कहा है कि उनके राज्य में प्लाज्मा थेरेपी का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा. उन्होंने कहा कि हमारे राज्य हरियाणा की रिकवरी रेट बेहतर है. हम 70 फीसदी पारंपरिक मेडिसिन का प्रयोग कर रहे हैं. हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज का बयान उस वक्त आया है जब स्वास्थ्य मंत्रालय ने कोरोना वायरस संक्रमण के प्लाज्मा थेरेपी से संभावित इलाज के बारे में स्पष्ट किया कि उपचार की यह पद्धति अभी प्रयोग के दौर में है और ऐसी किसी भी पद्धति को मान्यता नहीं दी गयी है.
कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने का अब तक कोई कारगर इलाज उपलब्ध नहीं हो पाया है. लेकिन कोरोना वायरस के इलाज में प्लाज्मा थेरेपी के इस्तेमाल को लेकर हरियाणा (Haryana) के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज (Anil Vij) ने कहा है कि उनके राज्य में प्लाज्मा थेरेपी का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा. उन्होंने कहा कि हमारे राज्य हरियाणा की रिकवरी रेट बेहतर है. हम 70 फीसदी पारंपरिक मेडिसिन का प्रयोग कर रहे हैं. हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज का बयान उस वक्त आया है जब स्वास्थ्य मंत्रालय ने कोरोना वायरस संक्रमण के प्लाज्मा थेरेपी से संभावित इलाज के बारे में स्पष्ट किया कि उपचार की यह पद्धति अभी प्रयोग के दौर में है और ऐसी किसी भी पद्धति को मान्यता नहीं दी गयी है.
बता दें कि स्वास्थ्य मंत्रालय में संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने मीडिया से चर्चा के दौरान बताया है कि परीक्षण के दौर से गुजर रही प्लाजमा थेरेपी के बारे में अभी तक पुष्ट प्रमाण नहीं मिले हैं जिनके आधार पर यह दावा किया जा सके कि इस पद्धति से कोरोना वायरस संक्रमण का इलाज किया जा सकता है. दरअसल देश के विभिन्न अस्पतालों में प्लाज्मा थैरेपी से कोरोना वायरस संक्रमण का इलाज किये जाने के प्रयोग चल रहे हैं. इस पद्धति से इलाज संभव होने के दावों के बीच मंत्रालय ने स्थिति को स्पष्ट करते हुये यह जानकारी दी है.
ANI का ट्वीट:-
We have not used Plasma Therapy. Our recovery rate is good at 70%. We used traditional medicines only: Haryana Health Minister Anil Vij on Union Health Ministry's statement 'Plasma therapy isn't a proven therapy. It's still in experimental stage..." pic.twitter.com/WtXOjHCQE0
— ANI (@ANI) April 28, 2020
गौरतलब हो कि नोएडा के बाद अब हरियाणा ने भी दिल्ली से लगी अपनी सभी सीमाएं सील करने का फैसला किया है. हरियाणा सरकार का मानना है कि दिल्ली से आने जाने वाले लोग राज्य में कोरोना वायरस फैलने के मुख्य कारण बन गए हैं. हरियाणा के गृह मंत्री अनिल विज ने दिल्ली से लगी सभी सीमाओं को सील करने का आदेश दिया है. इससे पहले भी अनिल विज ने हरियाणा में कोरोना वायरस के बढ़ते मरीजों के लिए दिल्ली को ही दोषी ठहराया था.
(The above story first appeared on LatestLY on Apr 28, 2020 10:18 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

