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बुधवार, 29 अक्टूबर की बड़ी खबरें: दिल्ली में बारिश कराने की कोशिश फेल, प्रदूषण 'बेहद खराब' श्रेणी में, चैटजीपीटी गो होगा फ्री

दिल्ली में प्रदूषण से राहत पाने के लिए की गई क्लाउड सीडिंग (कृत्रिम बारिश) की कोशिश नाकाम रही और बारिश नहीं हुई. IIT कानपुर ने कहा कि भले ही बारिश नहीं हुई, लेकिन इस ट्रायल से भविष्य के लिए जरूरी डेटा मिला है. दूसरी बड़ी खबर यह है कि भारतीय यूजर्स जल्द ही चैटजीपीटी गो का मुफ्त में इस्तेमाल कर पाएंगे.

बुधवार, 29 अक्टूबर की बड़ी खबरें: दिल्ली में बारिश कराने की कोशिश फेल, प्रदूषण 'बेहद खराब' श्रेणी में, चैटजीपीटी गो होगा फ्री
प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credit: Image File)

स्वागत है DW हिन्दी के लाइव ब्लॉग पर, जहां दिनभर की तमाम ब्रेकिंग न्यूज और अपडेट्स हम एक साथ पेश करते हैं ताकि आपको सारी बड़ी और जरूरी खबरें एक साथ मिल जाएं.- दिल्ली में क्लाउड सीडिंग के बाद नहीं हुई बारिश

चैटजीपीटी गो को मुफ्त इस्तेमाल कर पाएंगे भारतीय

ओपन AI के हेड और वाइस प्रेसिडेंट निक टर्ली ने हर भारतीय को एक साल के लिए Chat GPT Go फ्री में देने का ऐलान कर दिया है. अगर आप इसका फ्री में सब्सक्रिप्शन चाहते हैं, तो आपको 4 नवंबर तक का इंतजार करना होगा। 4 नवंबर से पूरे भारत में ChatGPT Go फ्री में इस्तेमाल किया जाएगा.

दिल्ली में क्लाउड सीडिंग के बाद भी नहीं हुई बारिश

राजधानी दिल्ली के ज्यादातर इलाकों में बुधवार सुबह हवा की हालत खराब या बेहद खराब दर्ज की गई. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार, बुधवार सुबह सात बजे आरके पुरम, आनंद विहार, अशोक विहार, बवाना, अक्षरधाम और आईटीओ आदि इलाकों में एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) 300 से अधिक रहा, जो बेहद खराब श्रेणी में आता है. वहीं, इंडिया गेट और नेहरू नगर आदि इलाकों में एक्यूआई 300 से थोड़ा कम रहा, जो खराब की श्रेणी में आता है.

दिल्ली में प्रदूषण से राहत पाने के लिए मंगलवार, 29 अक्टूबर को दो बार क्लाउड सीडिंग की गई. दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने इसकी जानकारी देते हुए बताया था कि आईआईटी कानपुर की टीम का मानना है कि अगले कुछ घंटों में किसी भी समय दिल्ली में बारिश हो सकती है. हालांकि, मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इसके बाद भी दिल्ली-एनसीआर में कहीं बारिश नहीं हुई.

दिल्ली सरकार ने आईआईटी कानपुर के साथ मिलकर क्लाउड सीडिंग का ट्रायल किया था. आईआईटी कानपुर के निदेशक मनिंद्र अग्रवाल ने इंडिया टुडे से कहा कि भले ही क्लाउड सीडिंग के बाद बारिश नहीं हुई, लेकिन इससे उन्हें जरूरी डेटा इकट्ठा करने में मदद मिली, जिससे कृत्रिम बारिश के लिए भविष्य में की जाने वाली क्लाउड सीडिंग को और प्रभावी बनाया जा सकता है.

(The above story first appeared on LatestLY on Oct 29, 2025 12:00 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).