MP Oxygen Crisis: ऑक्सीजन के मसले पर शिवराज सिंह ने उद्धव ठाकरे से की बात
मध्यप्रदेश में कोरोना मरीजों के उपचार के दौरान ऑक्सीजन की कमी के मामले सामने आने पर सरकार ने इसे दूर करने के प्रयास तेज कर दिए हैं. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इस संदर्भ में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से भी बात की, साथ ही कहा कि राज्य में ऑक्सीजन सिलिंडर की कमी नहीं रहेगी.
मध्यप्रदेश में कोरोना मरीजों के उपचार के दौरान ऑक्सीजन की कमी के मामले सामने आने पर सरकार ने इसे दूर करने के प्रयास तेज कर दिए हैं. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इस संदर्भ में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से भी बात की, साथ ही कहा कि राज्य में ऑक्सीजन सिलिंडर की कमी नहीं रहेगी. वहीं पूर्व मुख्यमंत्री कमल नाथ ने राज्य में कोरोना के कारण बने हालात पर चिंता जताई. ऑक्सीजन सिलिंडर की कमी के मसले पर मुख्यमंत्री शिवराज ने गुरुवार को कहा कि प्रदेश में ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं रहेगी. कोविड-19 के मरीजों को जरूरत के मुताबिक, ऑक्सीजन की आपूर्ति हर हलात में सुनिश्चित की जाएगी. प्रदेश में विद्यमान प्लांट्स की क्षमता बढ़ाने के साथ-साथ अन्य राज्यों से समन्वय का प्रयास निरंतर जारी है.
मुख्यमंत्री चौहान ने निवास पर आयोजित बैठक में कोरोना की स्थिति की समीक्षा करते हुए कहा कि प्रदेश में कोरोना के मरीजों की संख्या बढ़ रही है, पर हर स्थिति में व्यवस्थाओं का सुचारु संचालन आवश्यक है. सितंबर माह के अंत तक 150 टन ऑक्सीजन उपलब्ध हो जाएगी. नए ऑक्सीजन प्लांट के लिए भी कार्यवाही शुरू कर दी गई है.
राज्य में महाराष्ट्र से ऑक्सीजन सिलिंडर की आपूर्ति होती है. इसी को लेकर मुख्यमंत्री चौहान ने बैठक के दौरान उद्धव ठाकरे से प्रदेश में ऑक्सीजन आपूर्ति के संबंध में फोन पर बात की. मुख्यमंत्री चौहान ने बताया कि ठाकरे ने आश्वस्त किया है कि ऑक्सीजन की समस्या महाराष्ट्र में भी है, पर वे पूरे प्रयास करेंगे कि मध्यप्रदेश को ऑक्सीजन की आपूर्ति जारी रहे.
बैठक में जानकारी दी गई कि प्रदेश को 20 टन ऑक्सीजन की आपूर्ति महाराष्ट्र से है. यह आपूर्ति आईनेक्स कंपनी द्वारा की जाती है. यह कंपनी जरूरत होने पर गुजरात और उत्तरप्रदेश के अपने प्लांट से मध्यप्रदेश को ऑक्सीजन की आपूर्ति करेगी.
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि राज्य शासन ऑक्सीजन की उपलब्धता के लिए दूरगामी योजना पर भी कार्य कर रहा है. प्रदेश में आईनेक्स कंपनी का ऑक्सीजन प्लांट लगाने की अनुमति दी जा रही है. होशंगाबाद के मोहासा बावई में यह प्लांट लगेगा. इसमें 200 टन ऑक्सीजन का उत्पादन होगा.
पूर्व मुख्यमंत्री कमल नाथ ने कहा कि प्रदेश में कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामले चिंताजनक हैं. ऐसे में प्रदेश में मेडिकल ऑक्सीजन की कमी बेहद चिंताजनक विषय है. उन्होंने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री से अपील की है कि संकट के इस दौर में वे हस्तक्षेप कर महाराष्ट्र से मध्यप्रदेश को होने वाली ऑक्सीजन की आपूर्ति को बहाल करवाएं.
उन्होंने आगे कहा कि मुख्यमंत्री चौहान ऑक्सीजन की आपूर्ति बढ़ाने को लेकर अगले छह माह की व 30 सितंबर तक की बात कर रहे हैं. साथ ही प्रदेश के इंदौर, भोपाल, ग्वालियर, जबलपुर व अन्य जिलों में कोरोना संक्रमण के निरंतर बढ़ते मामलों व अस्पतालों में बेड की कमी व इलाज में लापरवाही के कारण हो रही मौतों की निरंतर शिकायतें मिल रही हैं. सरकार इस दिशा में ध्यान देकर कड़े कदम उठाए. संक्रमण के बढ़ते मामलों को देखते हुए अस्पतालों में बेड की संख्या सुनिश्चित करने के लिए भी सरकार कदम उठाए.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 10, 2020 06:59 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

