जरुरी जानकारी | सरकार ने आरआईएनएल के नये चेयरमैन की खोज शुरू की

नयी दिल्ली, 15 जून सरकार ने इस्पात उत्पादन करने वाली कंपनी आरआईएनएल के अगले चेयरमैन के चयन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। सार्वजनिक उपक्रम चयन बोर्ड (पीईएसबी) की अधिसूचना में यह जानकारी दी गई।

राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड (आरआईएनएल) के वर्तमान चेयरमैन पी. के. रथ मई 2021 में सेवानिवृत होने वाले हैं। उन्होंने सितंबर 2018 में यह पद संभाला था। हालांकि, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के चेयरमैन को सरकारी मंजूरी के बाद विस्तार भी दिया जा सकता है।

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पीईएसबी अधिसूचना में कहा गया कि चेयरमैन के पद पर नियुक्त होने वाला व्यक्ति कंपनी के निदेशक मंडल और भारत सरकार के प्रति जवाबदेह होगा। कंपनी के कुशलता से कामकाज करने और उसके कॉरपोरेट उद्देश्यों तथा प्रदर्शन के मानदंडों को हासिल करने के लिये भी उसकी जवाबदेही होगी।

पीईएसबी भारत सरकार के कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय के तहत आने वाला विभाग है। यह निकाय सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों में चेयरमैन, प्रबंध निदेशक अथवा चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक और पूर्णकालिक निदेशकों की नियुक्ति अथवा सरकार द्वारा बताए गए किसी अन्य स्तर के पद पर पात्र व्यक्ति के चयन की जिम्मेदारी निभाने वाला निकाय है।

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बहरहाल, आरआईएनएल के चेयरमैन पद के लिये आवेदक की न्यूनतम आयु 45 वर्ष रखी गई है। इसमें कहा गया है कि बेहतर अकादमिक रिकॉर्ड के साथ आवेदक को किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय अथवा संस्थान से स्नातक होना चाहिए। आवेदक को प्रबंधन के वरिष्ठ स्तर पर पर्याप्त अनुभव होना चाहिये। आवेदक का यदि वित्त, विपणन और उत्पादन क्षेत्र में भी अनुभव है तो यह उसके मामले में अतिरिक्त योग्यता होगी।

अधिसूचना में कहा गया है कि आरआईएनएल के चेयरमैन पद के लिये किसी अन्य सार्वजनिक उपक्रम अथवा निजी क्षेत्र की कंपनी का व्यक्ति भी आवेदन कर सकता है लेकिन वह व्यक्ति निदेशक मंडल के स्तर पर कार्यरत होना चाहिये। इसमें कहा गया है कि केंद्र सरकार अथवा अखिल भारतीय सेवाओं से भी व्यक्ति पद के लिये आवेदन कर सकता है लेकिन यदि साक्षात्कार होने के बाद यदि ऐसा व्यक्ति पद का कार्यभार संभालने में अनिच्छा जाहिर करता है तो ऐसे व्यक्ति को किसी भी सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम में निदेशक मंडल सतर के पद पर नियुक्ति के लिये दो साल के लिये रोक लगा दी जायेगी। नियुक्ति के लिये पेशकश पत्र जारी होने के बाद भी यदि कोई पद संभालने से इनकार करता है तो उसे भी दो साल के लिये किसी अन्य उपक्रम में ऐसी नियुक्ति से रोक लगा दी जायेगी।

आवेदन की अंतिम तिथि 20 अगस्त 2020 रखी गई है जबकि सेवानिवृति की आयु 60 साल तय है।

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