Raksha Bandhan 2024: कब है रक्षाबंधन? सुबह से लग रही है भद्रा! जानें क्या है राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?
हमेशा की तरह इस वर्ष भी भाद्रपद पूर्णिमा के दिन बहनें अपने प्रिय भाई के साथ राखी का त्योहार मनाएंगी. गौरतलब है कि रक्षाबंधन का पावन पर्व भद्रा रहित व्यापिनी पूर्णिमा में करने का विधान है, लेकिन इस वर्ष पूर्णिमा की सुबह से दोपहर तक भद्रा रहेगी. इसके पश्चात ही रक्षाबंधन का पवित्र पर्व शुरू किया जा सकता है.
हमेशा की तरह इस वर्ष भी भाद्रपद पूर्णिमा के दिन बहनें अपने प्रिय भाई के साथ राखी का त्योहार मनाएंगी. गौरतलब है कि रक्षाबंधन का पावन पर्व भद्रा रहित व्यापिनी पूर्णिमा में करने का विधान है, लेकिन इस वर्ष पूर्णिमा की सुबह से दोपहर तक भद्रा रहेगी. इसके पश्चात ही रक्षाबंधन का पवित्र पर्व शुरू किया जा सकता है. अंग्रेजी कैलेंडर के अनुसार इस वर्ष 19 अगस्त 2024, सोमवार को रक्षाबंधन पड़ रहा है. ऐसे में यह देखना जरूरी होगा कि 19 अगस्त 2024 को बहनों द्वारा भाई को राखी बांधने का शुभ मुहूर्त क्या बन रहा है. आइये जानते हैं, इस संदर्भ में आचार्य संजय शुक्ल का क्या कहना है.
भद्राकाल में कब राखी बांधें
अकसर देखा जाता है कि रक्षाबंधन के दिन बहनें सुबह-सवेरे अपने भाई को राखी बांधकर रक्षाबंधन का पर्व मना लेती है. उनके लिए यह देखना अनिवार्य नहीं है कि इस दिन भद्रा कब से कब तक रहेगा, और इस काल में राखी बांधना चाहिए अथवा नहीं. आचार्य संजय शुक्ल के अनुसार हमारे हिंदू धर्म शास्त्रों में भद्राकाल अशुभ और त्याज्य माना जाता है. इस कारण इस काल में कोई भी शुभ-मंगल कार्य नहीं किया जाता. यहां बता दें कि केवल अति आवश्यक परिस्थितियों में ही भद्रा काल के मुख काल को छोड़कर भद्रा पुच्छ काल में रक्षाबंधन आदि पर्व शुभ कार्य करने की आज्ञा धर्म शास्त्रों में दी गई है. यहां बताना जरूरी है कि भविष्य पुराण में भी इस बात का स्पष्ट उल्लेख है, यह भी पढ़ें : Sawan Fourth Somwar: सावन के चौथे सोमवार मंदिरों में भक्तों की भीड़, भगवान शिवजी के दर्शन करने काशी विश्वनाथ मंदिर से लेकर महाकालेश्वर मंदिर में उमड़े श्रद्धालु(Watch Video)
‘पुच्छे जयावहाः मुखे कार्य विनाशाय’
अर्थात भद्रा पुच्छ काल में किये गये कार्यों में सिद्धि, सफलता और विजय प्राप्त होती है, भद्रा मुख काल में किया गया कार्य केवल विनाश, असफलता और अशुभता देता है.
रक्षाबंधन 2024 का शुभ मुहूर्त
रक्षाबंधन भद्रा पूंछः 09.51 AM से 10.53 AM (19 अगस्त, 2024)
रक्षाबंधन भद्रा मुखः 10.53 AM से 12.37 PM तक (19 अगस्त, 2024)
रक्षाबंधन भद्रा समाप्तः 01.30 PM (19 अगस्त 2024)
रक्षाबंधन उत्सव का मूल समयः 01.30 PM से 08.27 PM
बहनें उपरोक्त समय के अनुसार भाई की कलाई में राखी बांध सकती हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 13, 2024 09:44 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

