Jivitputrika Vrat 2025 Wishes: जीवित्पुत्रिका व्रत के इन हिंदी WhatsApp Messages, Facebook Greetings, Quotes के जरिए दें पर्व की शुभकामनाएं
नहाय-खाय के अगले दिन महिलाएं जितिया का निर्जल व्रत करती हैं और फिर विधि-विधान से पूजन करने के बाद नवमी तिथि को इस व्रत का पारण करती हैं. संतान के लिए किए जाने वाले इस व्रत का हिंदू धर्म में विशेष महत्व बताया जाता है. ऐसे में इस खास अवसर पर आप इन हिंदी विशेज, वॉट्सऐप मैसेजेस, फेसबुक ग्रीटिंग्स, कोट्स के जरिए जीवित्पुत्रिका व्रत की शुभकामनाएं दे सकते हैं.
Jivitputrika Vrat 2025 Wishes in Hindi: विवाहित महिलाएं अपनी संतान की लंबी उम्र और अच्छी सेहत की कामना से कई व्रत करती हैं, जिनमें से एक है जितिया व्रत (Jitiya Vrat), जिसे जिउतिया (Jiutiya), जीवित्पुत्रिका व्रत (Jivitputrika Vrat) और जीमूतवाहन व्रत के नाम से भी जाना जाता है. प्रचलित मान्यताओं के अनुसार, इस व्रत का पालन करने से संतानों को दीर्घायु, उत्तम आरोग्य और खुशहाल जीवन का आशीर्वाद मिलता है. इस दिन महिलाएं अपनी संतान की लंबी उम्र, अच्छे स्वास्थ्य, खुशहाल जीवन और तरक्की की कामना के लिए निर्जला व्रत रखती हैं. इस व्रत को काफी कठिन माना जाता है, क्योंकि इसमें नहाय-खाय, निर्जला उपवास और पारण तक कई परंपराएं निभाई जाती हैं. हर साल आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को यह व्रत किया जाता है और इस साल 14 सितंबर 2025 को महिलाएं यह व्रत कर रही हैं, जिसकी शुरुआत 13 सितंबर को नहाय-खाय के साथ हो गई है.
नहाय-खाय के अगले दिन महिलाएं जितिया का निर्जल व्रत करती हैं और फिर विधि-विधान से पूजन करने के बाद नवमी तिथि को इस व्रत का पारण करती हैं. संतान के लिए किए जाने वाले इस व्रत का हिंदू धर्म में विशेष महत्व बताया जाता है. ऐसे में इस खास अवसर पर आप इन हिंदी विशेज, वॉट्सऐप मैसेजेस, फेसबुक ग्रीटिंग्स, कोट्स के जरिए जीवित्पुत्रिका व्रत की शुभकामनाएं दे सकते हैं.





महाभारत काल से जुड़ी एक प्रचलित कथा के अनुसार, जब द्रोणाचार्य का वध हो गया था, तब उनके बेटे अश्वत्थामा ने क्रोध में आकर ब्रह्मास्त्र चला दिया था, जिसके चलते अभिमन्यु की पत्नी उत्तरा के गर्भ में पल रहा शिशु नष्ट हो गया था. कहा जाता है कि इसके बाद अभिमन्यु की पत्नी ने जितिया व्रत किया था और इस व्रत के प्रभाव से श्रीकृष्ण ने उनके शिशु को फिर से जीवित कर दिया, तब से इस व्रत को करने की परंपरा निभाई जा रही है. जितिया व्रत से न सिर्फ संतानों को लंबी उम्र, अच्छी सेहत और खुशहाल जीवन का वरदान मिलता है, बल्कि इस व्रत के प्रभाव से सभी संकटों से भी उनकी रक्षा होती है.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 13, 2025 03:00 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

