सऊदी अरब में आज धुल हिजाह का चांद देखा गया है. धुल हिज्जा महीना 19 जून से शुरू होगा और ईद उल-अज़हा 28 जून को मनाया जाएगा.
Eid-ul-Adha 2023 Moon Sighting LIVE: सऊदी अरब में हुआ चांद का दीदार, 28 जून को मनाया जाएगा ईद उल-अज़हा
दुनियाभर में लोग बकरीद यानी ईद अल-अज़हा या ईद उल-अज़हा मनाने की तैयारी कर रहे हैं. बकरीद पर सबसे ज्यादा चर्चा दुनिया में सऊदी अरब (Bakrid In Saudi Arabia) की होती है, क्योंकि बकरीद पर यहां अलग अलग देश के लोग जुटते हैं और ईद मनाते हैं.
Dhul Hijjah Moon Sighting, Dhul Hijjah Crescent in KSA UAE: दुनियाभर में लोग बकरीद यानी ईद अल-अज़हा या ईद उल-अज़हा मनाने की तैयारी कर रहे हैं. बकरीद पर सबसे ज्यादा चर्चा दुनिया में सऊदी अरब (Bakrid In Saudi Arabia) की होती है, क्योंकि बकरीद पर यहां अलग अलग देश के लोग जुटते हैं और ईद मनाते हैं.
आज सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, ब्रिटेन, अमेरिका, अन्य देशों में मुसलमान बकरा ईद की तारिख तय करने के लिए धुल हिज्जा के वर्धमान चांद को देखने की तैयारी कर रहे हैं. अगर आज चांद नजर आ जाता है तो, आज से 10 दिन बाद बकरीद (Bakrid) का त्योहार मनाया जाएगा. Eid al-Adha 2023: भारत में ईद उल अजहा कब है? जानें बकरीद की तिथि और कुर्बानी के इस पर्व का महत्व
बकरीद इस्लाम धर्म में काफी महत्व रखता है. इस्लामिक चंद्र कैलेंडर के बारहवें महीने जु-अल-हज्जा की पहली तारीख को चांद नजर आ जाता है, इसलिए इस महीने के दसवें दिन ईद-उल-अजहा (बड़ी ईद) का त्योहार मनाया जाता है.
जु-अल-हज्जा का चांद दिखने के दसवे दिन क़ुरबानी का त्योहार मनाया जायेगा. इस्लाम में इस दिन अल्लाह के नाम पर कुर्बानी देने के परंपरा निभाई जाती है. इस दिन मुस्लिम समुदाय के लोग नमाज अदा करने के बाद अल्लाह की इबादत में बकरे की कुर्बानी देते हैं.
कई देशों में सऊदी अरब के हिसाब से ही ईद मनाई जाती है. जिस दिन सऊदी अरब में चांद दिख जाता है, उसके अलग दिन ही कई देश कुर्बानी का त्योहार मनाया जाता हैं. वहीं, कुछ देशों में अपने यहां चांद दिखने के हिसाब से ईद मनाते हैं. भारत की बात करें तो यहां आमतौर पर सउदी अरब के एक दिन बाद चांद दिखता है और अगले दिन ईद मनाई जाती है.