मेरठ,उत्तर प्रदेश: मेरठ के सरधना क्षेत्र स्थित एक निजी हॉस्पिटल में नर्स के साथ वार्ड बॉय द्वारा दुष्कर्म का प्रयास किए जाने का मामला सामने आया है. इस घटना का CCTV वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिसमें आरोपी वार्ड बॉय पीड़िता को डॉक्टर के कमरे में खींचता हुआ नजर आ रहा है. पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है, वहीं घटना की जांच जारी है. इस घटना ने एक बार फिर महिला सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए है.बताया जा रहा है की घटना के बाद आरोपी ने पहले भी पीड़िता से छेड़खानी की थी. इस वीडियो को सोशल मीडिया X पर @bstvlive नाम के हैंडल से शेयर किया गया है.
जिसकी शिकायत पीड़िता हॉस्पिटल के मैनेजमेंट से की थी. लेकिन उन्होंने किसी भी तरह की कोई कार्रवाई नहीं की.ये भी पढ़े:Dead Lizard Found in Samosa Chutney: मेरठ में बेटी के जन्मदिन पर पिता ने मंगवाए समोसे, खाते समय चटनी में दिखाई दी मरी हुई छिपकली, परिजनों के उड़े होश
हॉस्पिटल में नर्स के साथ दुष्कर्म की कोशिश
मेरठ में सरधना थाना क्षेत्र के एक निजी हॉस्पिटल में वार्ड बॉय द्वारा नर्स के साथ छेड़छाड़ और दुष्कर्म का प्रयास करने का मामला सामने आया है।
वार्ड बॉय ने नर्स को जबरन कमरे में खींचा और दुष्कर्म करने का प्रयास किया। यह पूरी घटना सीसीटीवी में कैद हो गई है।
आरोपी पर पहले भी नर्स… pic.twitter.com/2h12AWGAVx
— भारत समाचार | Bharat Samachar (@bstvlive) May 21, 2025
क्या है पूरा मामला?
पीड़िता मोहल्ला निवासी है और पिछले कुछ महीनों से इस निजी हॉस्पिटल में बतौर नर्स काम कर रही थी. रविवार रात वह ड्यूटी पर थी, तभी हॉस्पिटल में कार्यरत एक वार्ड बॉय ने पहले उससे छेड़छाड़ की और फिर जबरन डॉक्टर के कमरे में ले जाकर दुष्कर्म की कोशिश की.किसी तरह खुद को छुड़ाकर पीड़िता बाहर निकली और अन्य कर्मचारियों को घटना की जानकारी दी. इसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गया.पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि यह पहली बार नहीं था, इससे पहले भी आरोपी द्वारा अश्लील हरकतें की गई थीं जिसकी शिकायत हॉस्पिटल प्रबंधन से की गई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई.
पुलिस पर गंभीर आरोप
पीड़िता ने दो पुलिसकर्मियों पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं. उसका कहना है कि मंगलवार को थाना क्षेत्र की दो महिला उपनिरीक्षक उसे बयान दर्ज कराने के बहाने हॉस्पिटल ले गईं, जहां उन्होंने हॉस्पिटल प्रबंधन और आरोपी के साथ मिलकर समझौते का दबाव बनाया.मामला दर्ज होने के बावजूद पीड़िता के न्यायालय में बयान दर्ज नहीं कराए गए हैं, जो पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रहे हैं.
हॉस्पिटल प्रशासन का पक्ष
हॉस्पिटल संचालक ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि घटना के समय एक महिला मरीज का ऑपरेशन चल रहा था. कथित विवाद ओटी से मरीज को वार्ड में पहुंचाने को लेकर हुआ था, ना कि किसी दुष्कर्म के प्रयास को लेकर. हॉस्पिटल ने फिलहाल दोनों कर्मचारियों को सेवा से हटा दिया है.
पुलिस की कार्रवाई
सीओ सरधना संजय कुमार जायसवाल ने जानकारी दी कि पीड़िता की तहरीर पर संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.
वायरल वीडियो से लोगों में आक्रोश
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के बाद स्थानीय लोगों में गुस्सा देखा जा रहा है. लोग हॉस्पिटल प्रशासन और लापरवाह पुलिसकर्मियों पर भी सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.













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