VIDEO: टाइगर को पकडे नहीं जाने पर लोगों का फूटा गुस्सा, पिंजरे में वन कर्मचारियों को ही कर दिया कैद, कर्नाटक के चामराजनगर से हैरान करनेवाली घटना आई सामने
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चामराजनगर, कर्नाटक: कर्नाटक (Karnataka) के चामराजनगर जिले (Chamarajanagar District) के बोम्मलपुरा गांव में उस समय ग्रामीणों का गुस्सा फुट पड़ा. बाघ (Tiger) और तेंदुए (Leopard) को पकड़ने के लिए लगाएं गए पिंजरे (Cage) में ग्रामीणों ने वन विभाग (Forest Department) के कर्मचारियों को ही कैद कर दिया. बताया जा रहा है की गांव के लोग काफी समय से बाघ और तेंदुए के आतंक से परेशान है. ये जंगली जानवर अक्सर बंदीपुर टाइगर रिज़र्व (Bandipur Tiger Reserve) की सीमा से लगे गांवों में घुसकर मवेशियों को मार रहे हैं. तीन दिन पहले भी एक बछड़े को बाघ ने मार डाला था. किसानों का आरोप है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद वन विभाग ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया. ग्रामीणों ने कहा कि विभाग ने पिंजरा लगाया जरूर, लेकिन शिकार कर रहे बाघ को पकड़ने के लिए कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की.

इसी लापरवाही से नाराज़ होकर, जब वन विभाग के कर्मचारी मंगलवार को गांव पहुंचे तो किसानों ने उन्हें उसी पिंजरे में बंद कर दिया और जमकर विरोध जताया. इस घटना का वीडियो (Video) सोशल मीडिया X पर @WeUttarPradesh नाम के हैंडल से शेयर किया गया है. ये भी पढ़े:Elephant Attacks Tourist: कर्नाटक के बांदीपुर टाइगर रिज़र्व में हाथी ने किया टूरिस्ट पर हमला, घायल युवक को भेजा गया हॉस्पिटल, VIDEO आया सामने

ग्रामीणों ने वन विभाग के कर्मचारियों को पिंजरे में किया बंद

ग्रामीणों को दिए आश्वासन के बाद छोड़े गए अधिकारी

घटना की जानकारी मिलते ही गुंडलुपेट एसीएफ (Gundlupet ACF) सुरेश और बंदीपुर एसीएफ नवीन कुमार मौके पर पहुंचे और किसानों से बात की. उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही पालतू हाथियों की मदद से बाघ को पकड़ने के लिए कॉम्बिंग ऑपरेशन (Combing Operation) चलाया जाएगा. इस भरोसे के बाद किसानों ने अधिकारियों को पिंजरे से बाहर निकाला.

किसानों ने दी चेतावनी

इस घटना के बाद रैथा संघ के नेता होन्नूर प्रकाश ने कहा कि अगर वन विभाग ने बाघ को पकड़ने की कार्रवाई नहीं की, तो किसान (Farmers) विभाग के दफ्तर का घेराव करने को मजबूर हो जाएंगे. इस घटना की चर्चा अब पूरे शहर में हो रही है.