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कोरोना वायरस की जांच के लिए रैपिड टेस्ट किट का इस्तेमाल नहीं, केंद्र ने कहा- हालात काबू में है

देश में कोरोना वायरस महामारी के खतरे के बीच शनिवार को केंद्रीय मंत्रियों के समूह (GOM) की अहम बैठक हुई. इस दौरान देश में कोविड-19 की जांच में रैपिड टेस्ट किट के इस्तेमाल को फिलहाल स्थगित करने का फैसला लिया गया है. साथ ही जीओएम ने माना कि अब तक देश में कोरोना वायरस के संक्रमण की स्थिति नियंत्रण में हैं.

कोरोना वायरस की जांच के लिए रैपिड टेस्ट किट का इस्तेमाल नहीं, केंद्र ने कहा- हालात काबू में है
कोरोना वायरस का टेस्ट (Photo Credits: PTI)

नई दिल्ली: देश में कोरोना वायरस (Coronavirus) महामारी के खतरे के बीच शनिवार को केंद्रीय मंत्रियों के समूह (GOM) की अहम बैठक हुई. इस दौरान देश में कोविड-19 (COVID-19) की जांच में रैपिड टेस्ट किट (Rapid Test Kit) के इस्तेमाल को फिलहाल स्थगित करने का फैसला लिया गया है. साथ ही जीओएम ने माना कि अब तक देश में कोरोना वायरस के संक्रमण की स्थिति नियंत्रण में हैं.

न्यूज़ एजेंसी एएनआई के के मुताबिक आज हुई केंद्रीय मंत्रियों के समूह की बैठक में तय किया गया है कि फिलहाल देश में कोरोना की स्थिति नियंत्रण में है और सरकार द्वारा उठाए गए कदमों का सकारात्मक असर दिख रहा है. इसलिए रैपिड टेस्ट किट से जाँच को फिलहाल स्थगित कर दिया गया है. संत करीब नगर में एक ही परिवार के 18 सदस्य और 1 अन्य व्यक्ति पाए गए कोरोना संक्रमित

जबकि, सरकार का कहना है कि अभी हमारे पास 15 लाख से ज्यादा कोरोना वायरस टेस्ट करने की क्षमता मौजूद है. इसके अलावा कई भारतीय कंपनियां भी कोविड-19 के लिए टेस्ट किट तैयार करने में जुटी हुई हैं. साथ ही इस महामारी से मुकाबला करने के लिए देशभर में जिले स्तर पर सवा लाख से ज्यादा वालंटियर तैयार किए गए हैं.

बीते मंगलवार को भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) ने कोरोना वायरस के संक्रमण पर निगरानी के लिये राज्यों को दी गयी ‘एंटीबॉडी रैपिड टेस्टिंग किट’ के परीक्षण परिणामों में अंतर मिलने की शिकायतों के बाद दो दिन तक इसका इस्तेमाल नहीं करने के लिए कहा था. कोरोना वायरस कब होगा भारत में खत्म? जानिए क्या कहते हैं स्वास्थ्य मंत्रालय और PIB के नए डेटा

उल्लेखनीय है कि भारत में चीन की दो कंपनियों से पांच लाख एंटीबॉडी रैपिड टेस्टिंग किट मंगवाई गई है. विभिन्न राज्यों को कोरोना वायरस के संक्रमण की अधिकता वाले इलाकों में संक्रमण पर निगरानी के लिये यह किट मुहैया करायी गयी थी. फिलहाल आईसीएमआर के विशेषज्ञ कारण जानने के लिए विभिन्न क्षेत्रों में जाकर इस किट से परीक्षण कर रहे है. अगर किट ख़राब पाए गए तो संबंधित कंपनी से इसे बदलने के लिये कहा जायेगा.

(The above story first appeared on LatestLY on Apr 25, 2020 04:37 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).