भारत में HMPV का कोई मामला नहीं, चीन में नए वायरस की पहचान के बाद स्वास्थ्य विभाग सतर्क
चीन में ह्यूमन मेटाप्नेयूमोवायरस (HMPV) के मामलों की बढ़ती खबरों के बीच भारत ने स्पष्ट किया है कि देश में अब तक इस वायरस का कोई मामला दर्ज नहीं हुआ है.
नई दिल्ली: चीन में ह्यूमन मेटाप्नेयूमोवायरस (HMPV) के मामलों की बढ़ती खबरों के बीच भारत ने स्पष्ट किया है कि देश में अब तक इस वायरस का कोई मामला दर्ज नहीं हुआ है. नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल (NCDC) के निदेशक डॉ. अतुल गोयल ने इस पर जानकारी देते हुए बताया कि यह वायरस अन्य सांस से संबंधित बीमारियों की तरह है और इससे घबराने की जरूरत नहीं है. एनसीडीसी ने कहा, "हम हालात पर बराबर नजर बनाए हुए हैं, जानकारी जुटाई जाएगी और उसके हिसाब से आगे का अपडेट दिया जाएगा."
HMPV क्या है?
ह्यूमन मेटाप्नेयूमोवायरस (HMPV) एक प्रकार का सांस से संबंधित वायरस है, जो सामान्य सर्दी-जुकाम का कारण बनता है. यह फेफड़ें के ऊपरी और निचले हिस्से में इंफेक्शन का कारण बनता है. यह मुख्य रूप से छोटे बच्चों और बुजुर्गों को प्रभावित करता है. इसकी पहली बार पहचान 2001 में हुई थी. यह वायरस सामान्य तौर पर घातक नहीं होता और नियमित दवाओं से ठीक हो सकता है.
एचएमपीवी के लक्षण क्या हैं?
एचएमपीवी के सामान्य लक्षणों में खांसी, बुखार, नाक बंद होना और सांस लेने में तकलीफ शामिल हैं. गंभीर मामलों में, वायरस ब्रोंकाइटिस या निमोनिया जैसी जटिलताओं को जन्म दे सकता है.एचएमपीवी के लिए ऊष्मायन अवधि आमतौर पर तीन से छह दिनों के बीच होती है. जिसमें संक्रमण की गंभीरता के आधार पर लक्षण अलग-अलग अवधि तक बने रहते हैं.
भारत की स्थिति: घबराने की जरूरत नहीं
NCDC के अनुसार, भारत में इस समय तक HMPV का कोई मामला सामने नहीं आया है. दिसंबर 2024 में देश में सांस से संबंधित बीमारियों के प्रकोप में कोई उल्लेखनीय वृद्धि नहीं देखी गई. डॉ. गोयल ने कहा, "सर्दियों में सांस से संबंधित बीमारियां सामान्य होती हैं, और हमारे अस्पताल इनके लिए तैयार हैं." उन्होंने आश्वासन दिया कि सर्दी या बुखार के लिए दी जाने वाली नियमित दवाएं HMPV के लक्षणों के लिए पर्याप्त हैं.
डॉ. गोयल ने लोगों को सांस से संबंधित संक्रमणों से बचने के लिए सामान्य सावधानियां बरतने की सलाह दी. NCDC ने बताया कि भारत में सर्दियों के दौरान सांस की बीमारियों का प्रकोप सामान्य है. अस्पतालों में आवश्यक दवाएं और बेड की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है. अभी तक देश में किसी नई या गंभीर स्थिति की कोई सूचना नहीं है.
कैसे करें बचाव
- अगर खांसी या सर्दी है, तो दूसरों से दूरी बनाए रखें.
- भीड़भाड़ वाले स्थानों में जाने से बचें.
- हाथों की सफाई का ध्यान रखें और समय-समय पर सैनिटाइजर का उपयोग करें.
- मास्क पहनें: खांसी-जुकाम वाले व्यक्तियों के संपर्क में आने पर मास्क का उपयोग करें.
चीन में HMPV के बढ़ते मामले
चीन में वर्तमान में सांस से संबंधित बीमारियों में वृद्धि देखी जा रही है. रिपोर्ट्स के अनुसार, HMPV वहां के कुछ मामलों में मुख्य चिंता बन रहा है. हालांकि, चीन ने HMPV को महामारी घोषित नहीं किया है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 03, 2025 07:47 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

