रूस का यूक्रेन पर ड्रोन अटैक: दागीं मिसाइलें, वोलोदिमीर जेलेंस्की बोले 'हर बात अनसुनी कर रहे पुतिन'
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने बुधवार रात रूस के ड्रोन हमलों से मची तबाही की तरफ एक बार फिर दुनिया का ध्यान दिलाने की कोशिश की है. उन्होंने एक लंबे-चौड़े सोशल मीडिया पोस्ट में दावा किया कि सिर्फ दबाव की रणनीति से ही मास्को को काबू में किया जा सकता है.
नई दिल्ली, 16 अक्टूबर : यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की (Volodymyr Zelensky) ने बुधवार रात रूस के ड्रोन हमलों से मची तबाही की तरफ एक बार फिर दुनिया का ध्यान दिलाने की कोशिश की है. उन्होंने एक लंबे-चौड़े सोशल मीडिया पोस्ट में दावा किया कि सिर्फ दबाव की रणनीति से ही मास्को को काबू में किया जा सकता है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) से जेलेंस्की शुक्रवार को अहम मुलाकात करने वाले हैं, जहां दोनों नेताओं के बीच यूक्रेन की वायु रक्षा प्रणाली और नए हथियारों को लेकर चर्चा होगी.
एक्स पर जेलेंस्की ने यूक्रेन को हुए नुकसान का ब्योरा दिया. उन्होंने लिखा, "बुधवार रात हमारे लोगों, हमारे ऊर्जा क्षेत्र और हमारे नागरिक बुनियादी ढांचे पर हमले हुए. रूस ने यूक्रेन पर 300 से ज्यादा ड्रोन से हमला किया और 37 मिसाइलें दागीं, जिनमें से काफी संख्या में बैलिस्टिक मिसाइलें थीं. विन्नित्सिया, सूमी और पोल्टावा क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे पर हमला हुआ. चेर्निहीव क्षेत्र में, निझिन शहर पर हमला हुआ—डाकघर क्षतिग्रस्त हो गया और एक व्यक्ति घायल हो गया. यह भी पढ़ें : Nimisha Priya Case: निमिषा प्रिया मामले में हस्तक्षेप की मांग वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट जनवरी 2026 में करेगा सुनवाई
राहत कार्यों के बारे में बताते हुए उन्होंने शहीद (या शाहेद) ड्रोन के कारण हुए नुकसान का उल्लेख किया. लिखा," खार्किव क्षेत्र में महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे और राज्य आपातकालीन सेवा विभाग को निशाना बनाया. कई लोग घायल हुए हैं. हर जगह राहत कार्य जारी हैं. आपातकालीन सेवाएं काम कर रही हैं. और इस बात की पुष्टि हो रही है कि रूसी दोहरा आतंक फैला रहे हैं - क्लस्टर हथियार ले जाने वाले "शहीदों" से हमला कर रहे हैं और क्षतिग्रस्त सुविधाओं की मरम्मत कर रहे अग्निशामकों और ऊर्जा कर्मचारियों को नुकसान पहुंचाने के लिए बार-बार हमले कर रहे हैं."
जेलेंस्की ने फिर दुनिया का ध्यान रूसी हमलों की ओर दिलाते हुए कहा, "इस मौसम में, रूसी हर दिन हमारे ऊर्जा बुनियादी ढांचे पर हमला कर रहे हैं. पुतिन ने दुनिया की हर बात अनसुनी कर दी है, इसलिए अब उन तक पहुंचने वाली एकमात्र भाषा दबाव की है. प्रतिबंधों के जरिए दबाव और लंबी दूरी की क्षमताओं के जरिए दबाव डाला जा सकता है. कड़े फैसले संभव हैं, ऐसे फैसले जो मददगार साबित हो सकते हैं. और यह अमेरिका, यूरोप और उन सभी साझेदारों पर निर्भर करता है जिनकी ताकत सीधे तौर पर तय करती है कि युद्ध खत्म होगा या नहीं. अब मध्य पूर्व में शांति की दिशा में एक महत्वपूर्ण गति है. यूरोप में भी यह संभव है. इसी पर मैं आज और कल वाशिंगटन में चर्चा करूंगा."
इस बीच, राष्ट्रीय ग्रिड संचालक उक्रेनेर्गो ने कहा कि बुधवार को यूक्रेन के बड़े हिस्से अंधेरे में डूब गए जब रूसी हमलों ने देश के ऊर्जा बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया, जिससे लगभग सभी क्षेत्रों में आपातकालीन बिजली कटौती करनी पड़ी. हमलों की यह ताजा लहर ऐसे समय में आई है जब रूस सर्दियों से पहले यूक्रेन के ऊर्जा और रेलवे नेटवर्क पर हमले तेज कर रहा है, जिससे यह आशंका बढ़ गई है कि लाखों लोग कड़ाके की ठंड में बिजली के बिना रहने को मजबूर होंगे. उक्रेनेर्गो ने टेलीग्राम पर एक बयान में कहा, "यूक्रेन की ऊर्जा प्रणाली में कठिन स्थिति के कारण, डोनेट्स्क को छोड़कर सभी क्षेत्रों में आपातकालीन बिजली कटौती शुरू कर दी गई है." पूर्वी यूक्रेन का डोनेट्स्क क्षेत्र अभी भी लड़ाई का केंद्र बना हुआ है.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 16, 2025 02:56 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

