Mumbai–Vijaydurg Ro-Ro Service: कोकण जाने वालों की मौज! आज से शुरू हुई मुंबई-विजयदुर्ग रो-रो फेरी, मिला शानदार रिस्पॉन्स
(Photo Credits@NiteshNRane)

Mumbai–Vijaydurg Ro-Ro Service: महाराष्ट्र के कोंकण क्षेत्र के लिए रविवार, 1 मार्च 2026 का दिन ऐतिहासिक रहा. महाराष्ट्र मेरीटाइम बोर्ड द्वारा शुरू की गई मुंबई-विजयदुर्ग रो-रो फेरी सेवा को यात्रियों का शानदार रिस्पॉन्स मिला है. उद्घाटन के पहले ही दिन इस सेवा की बुकिंग लगभग फुल रही. इस आधुनिक फेरी सेवा का औपचारिक उद्घाटन मत्स्य पालन और बंदरगाह मंत्री नितेश राणे (Nitesh Rane) ने मुंबई के 'भाऊचा धक्का' (मझगांव) पर सुबह 8 बजे किया, जिसके बाद जहाज ने अपनी पहली आधिकारिक यात्रा शुरू की.

6 से 7 घंटे में पूरा होगा सफर

एशिया की सबसे तेज जल परिवहन सेवाओं में से एक मानी जा रही यह 'एम2एम रो-रो' सेवा मुंबई और विजयदुर्ग के बीच की दूरी को मात्र 6 से 7 घंटे में तय करेगी. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस परियोजना के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह सेवा कोंकण तट के किनारे एक सुरक्षित, आरामदायक और मनोरम समुद्री यात्रा का विकल्प प्रदान करेगी. इससे न केवल सड़क मार्ग पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा, बल्कि तटीय बुनियादी ढांचे को भी मजबूती मिलेगी.  यह भी पढ़े:  कोंकण रेलवे की सौगात, गणपति उत्सव से पहले महाराष्ट्र के कोलाड-वेरना के बीच शुरू हुई पहली Ro-Ro कार ट्रेन सेवा; konkanrailway.com पर बुकिंग सहित जानें अन्य डिटेल्स

आज से शुरू हुई मुंबई-विजयदुर्ग रो-रो फेरी

जहाज की क्षमता और आधुनिक सुविधाएं

इस आधुनिक जहाज में लगभग 626 यात्रियों के बैठने की व्यवस्था है. साथ ही इसमें बड़ी संख्या में दोपहिया और चार पहिया वाहनों को ले जाने की क्षमता है. मंत्री नितेश राणे के अनुसार, इस परियोजना का उद्देश्य कोंकण और मुंबई के बीच कनेक्टिविटी को तेज करना है. उन्होंने कहा कि इस सेवा से तटीय क्षेत्रों में पर्यटन, स्थानीय व्यापार और रोजगार के अवसरों को काफी बढ़ावा मिलेगा.

टिकट दरें और बुकिंग का रुझान

बुकिंग डेटा के अनुसार, यात्रियों के बीच 'इकोनॉमी' श्रेणी की सबसे अधिक मांग देखी गई है. हालांकि, प्रीमियम, बिजनेस और फर्स्ट क्लास श्रेणियों में भी भारी बुकिंग दर्ज की गई है. इस सेवा के लिए टिकटों की कीमतें ₹3,000 से लेकर ₹9,000 के बीच रखी गई हैं. यात्रियों के साथ-साथ वाहनों की बुकिंग के आंकड़ों ने भी यह स्पष्ट कर दिया है कि लोग मुंबई-कोंकण यात्रा के लिए एक कुशल विकल्प की तलाश में थे.

कोंकण वासियों के लिए बड़ी राहत

कोंकण जाने वाले लोगों के लिए यह सेवा विशेष रूप से महत्वपूर्ण है, क्योंकि पारंपरिक सड़क या रेल मार्ग में अक्सर काफी समय और थकान होती है. रो-रो फेरी की शुरुआत से अब लोग अपने वाहनों के साथ कम समय में विजयदुर्ग पहुंच सकेंगे. अधिकारियों का मानना है कि आने वाले छुट्टियों के सीजन और त्योहारों के दौरान इस सेवा की मांग में और भी अधिक बढ़ोतरी होने की उम्मीद है.