जम्मू-कश्मीर में 10 हजार अतिरिक्त सुरक्षाबलों की तैनाती के फैसले के बाद अतिरिक्त 25 हजार सुरक्षाबलों की तैनाती के बाद सियासी पारा गरमाने लगा है. नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता और पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने 'सेना और वायुसेना को हाई अलर्ट पर क्यों रखा गया. यह संविधान के अनुच्छेद 35ए या परिसीमन के लिए नहीं है. जिस तरह का अलर्ट जारी किया गया है, उससे लग रहा है कि कुछ अलग होने वाला है. घाटी में जवानों की तैनाती के आदेश के बाद कश्मीर की राजनीतिक पार्टियों ने तीखी प्रतिक्रिया जाहिर की थी.
सेना की तैनाती पर गृह मंत्रालय का कहना है कि केंद्रीय बलों की तैनाती और वापसी लगातार चलने वाली प्रक्रिया है. बताया जा रहा है कि इन जवानों को शहर के अतिसंवेदनशील इलाकों के अलावा अन्य जगहों पर तैनात किया जाएगा. इनमें अधिकतर केन्द्रीय रिज़र्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जवान शामिल है.
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इससे पहले शनल कॉन्फ्रेंस नेता उमर अब्दुल्ला (Omar Abdullah) ने सोशल मीडिया पर पिछले कुछ दिनों से फैले ‘‘फर्जी आदेशों’’ के सिलसिले में सीबीआई जांच (CBI Probe) की मांग भी की है. इस फर्जी आदेश से केन्द्र सरकार के संविधान की धारा-35ए (Article 35A) खत्म करने की अटकलें तेज हो गई, जो राज्य में जम्मू-कश्मीर (Jammu and Kashmir) के लोगों को निवास और नौकरियों के विशेष अधिकार देता है.
What “on going situation” in Kashmir would require the army AND the Air Force to be put on alert? This isn’t about 35A or delimitation. This sort of alert, if actually issued, would be about something very different. https://t.co/FTYG36F6aD
— Omar Abdullah (@OmarAbdullah) August 2, 2019
पाकिस्तान भी हुआ बेचैन
जम्मू-कश्मीर में अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती ने पाकिस्तान को बेचैन कर दिया है. पाकिस्तान की बेचैनी का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि उसने कहा है कि वह इस मामले को पूरी दुनिया के सामने उठाएगा. पाकिस्तानी मीडिया में प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार बुधवार को विदेश मंत्रालय में जम्मू-कश्मीर मामलों की संसदीय समिति की पांचवीं बैठक के बाद पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने भारतीय कार्रवाई पर सवाल उठाया. भारत, कश्मीर की संवैधानिक स्थिति को बदलना चाहता है और पाकिस्तान ऐसा होने नहीं देगा. हम पूरी दुनिया में विदेश मामलों की संसदीय समितियों के समक्ष कश्मीर मुद्दा उठाने की योजना बना रहे हैं.













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