Mumbai: मुंबई एयरपोर्ट पर वन्यजीवों की तस्करी, बैंकॉक से लौटे यात्री पर कस्टम विभाग ने की कार्रवाई; VIDEO
मुंबई के एयरपोर्ट पर कस्टम विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है. यहांपर एक शख्स को विदेशी वन्यजीवों के साथ गिरफ्तार किया गया है. यात्री बैंकॉक से लौटा था.
मुंबई, महाराष्ट्र: मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कस्टम अधिकारियों ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए विदेशी जीवों की तस्करी के प्रयास को नाकाम कर दिया. शुक्रवार शाम को बैंकॉक से लौटे एक यात्री के पास से दर्जनों दुर्लभ और संरक्षित प्रजातियों के जानवर बरामद किए गए.अधिकारियों के मुताबिक पकड़े गए यात्री का नाम शाहरुख़ान मोहम्मद हुसैन है, जो इंडिगो एयरलाइंस की फ्लाइट से मुंबई पहुंचा था.खुफिया सूचना के आधार पर उसकी तलाशी ली गई, जिसमें ट्रॉली बैग के अंदर दो किंकाजू (हनी बियर), दो पिग्मी मार्मोसेट (दुनिया के सबसे छोटे बंदर) और 50 एल्बिनो रेड-ईयर्ड स्लाइडर कछुए बरामद हुए.
सभी जीवों को बैग में इस तरह छिपाया गया था कि उन्हें आसानी से पकड़ा न जा सके.ये भी पढ़े:Turtle Smuggling Video: पीलीभीत जिले में वन्यजीवों की तस्करी करनेवालों को धर दबोचा, आरोपियों के पास से 138 कछुए किए बरामद
एयरपोर्ट पर वन्यजीवों की तस्करी
कानूनी प्रावधान और सुरक्षा सूची
किंकाजू को CITES (Convention on International Trade in Endangered Species) की एपेंडिक्स III में लुप्तप्राय प्रजाति के रूप में सूचीबद्ध किया गया है, जबकि पिग्मी मार्मोसेट एपेंडिक्स II और भारत के वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 की अनुसूची IV में आते हैं. एल्बिनो रेड-ईयर्ड स्लाइडर कछुए इन सूचियों में शामिल नहीं हैं, लेकिन फिर भी इनकी तस्करी प्रतिबंधित है.
जानवरों को वापस भेजने का आदेश
वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो ने सभी बरामद जानवरों को CITES नियमों के तहत बैंकॉक वापस भेजने का आदेश दिया. इस बचाव अभियान में Resqink Association for Wildlife Welfare (RAWW) का सहयोग लिया गया.अधिकारियों ने बताया कि जानवरों की तस्करी करने पर यात्री के खिलाफ कस्टम अधिनियम, 1962 और वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 के तहत मामला दर्ज किया गया है.
कस्टम विभाग की सख्ती जारी
मुंबई कस्टम ने अपने आधिकारिक X अकाउंट पर जानकारी दी कि 8 अगस्त 2025 को विदेशी जीवों की तस्करी के एक और प्रयास को रोका गया. हाल के महीनों में कस्टम विभाग ने वन्यजीव तस्करी पर निगरानी और कार्रवाई को और तेज किया है.