Anant Singh Mokama Firing Case: मोकामा फायरिंग मामले में बिहार के पूर्व बाहुबली विधायक अनंत सिंह की बढ़ी मुश्किलें, कोर्ट ने ख़ारिज की जमानत याचिका
मोकामा फायरिंग मामले में बिहार के पूर्व बाहुबली विधायक अनंत सिंह की मुश्किलें बढ़ने वाली हैं. एमपी एमएलए कोर्ट में दायर उनकी जमानत याचिका खारिज को गई हैं. हालांकि वे अपने इस फैसले के खिलाफ ऊपरी अदालत रूख करने वाले है.
Anant Singh Mokama Firing Case: मोकामा फायरिंग मामले में बिहार के पूर्व बाहुबली विधायक अनंत सिंह की मुश्किलें बढ़ने वाली हैं. एमपी एमएलए कोर्ट में दायर उनकी जमानत याचिका खारिज को गई हैं. हालांकि वे अपने इस फैसले के खिलाफ ऊपरी अदालत रूख करने वाले है. फिलहाल मोकामा फायरिंग मामले में अनंत सिंह अभी जेल में हैं. इस मामले में 24 जनवरी को अनंत सिंह ने एक अदालत के समक्ष आत्मसमर्पण किया था, जिसके बाद उन्हें जेल भेज दिया गया था.
यह गोलीबारी पिछले महीने जनवरी में बिहार के मोकामा के नौरंगा जलालपुर गांव में पूर्व विधायक अनंत सिंह और कुख्यात अपराधी सोनू-मोनू गैंग के बीच हुई. बताया जाता है कि यह गोलीबारी दोनों के बीच वर्चस्व को लेकर हुई और करीब 60-70 राउंड फायरिंग की गई. जिसके बाद अनंत सिंह समेत अन्य लोगों के खिलाफ केस दर्ज हुआ. जिसके बाद अनंत सिंह ने खुद से ही पुलिस संख्स अपने को समर्पण कर दिया.
जानें अनंत सिंह हैं कौन
बिहार विधानसभा चुनाव 2005 में जदयू के टिकट पर मोकामा से पहली बार विधायक बनकर अनंत सिंह ने अपनी राजनीतिक यात्रा की शुरुआत की थी। इसके बाद, 2010 में भी वह जदयू के टिकट पर मोकामा से फिर से जीत दर्ज करने में सफल रहे। उनके और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बीच अच्छे रिश्ते भी रहे। लेकिन, 2015 में अचानक दोनों के रिश्ते बिगड़ गए और अनंत सिंह ने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर मोकामा विधानसभा से चुनाव लड़ा और जीत हासिल की.
2015 में उनके पटना स्थित सरकारी मकान में छापेमारी के दौरान कई प्रतिबंधित सामग्रियां बरामद हुई थीं, जिसके बाद उनका नाम कई गंभीर आपराधिक मामलों में आया. इसके बावजूद, 2015 के चुनाव में अनंत सिंह निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़े और जीत हासिल की। इसके बाद 2020 में भी उन्होंने राजद के टिकट पर चुनाव लड़ा, जबकि वह जेल में बंद थे। फिर भी जीत दर्ज की और मोकामा पर अपनी राजनीतिक पकड़ बनाए रखी।
हालांकि, 2022 में अनंत सिंह को एक आपराधिक मामले में दोषी ठहराया गया और उनकी विधायकी चली गई। इसके बाद, उनकी पत्नी ने राजद के टिकट पर उपचुनाव लड़ा और जीत हासिल की.
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 06, 2025 02:51 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

