Bengaluru Horror: एनेस्थेसिया की ओवरडोज देकर डॉक्टर ने पत्नी को उतारा मौत के घाट, छह महीने बाद ऐसे खुला राज
बेंगलुरु में एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक सर्जन पति ने अपनी पत्नी को कथित तौर पर एनेस्थीसिया ड्रग का ओवरडोज देकर मौत के घाट उतार दिया. डॉक्टर की पत्नी भी पेशे से डॉक्टर थी.
बेंगलुरु में एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक सर्जन पति ने अपनी पत्नी को कथित तौर पर एनेस्थीसिया ड्रग का ओवरडोज देकर मौत के घाट उतार दिया. डॉक्टर की पत्नी भी पेशे से डॉक्टर थी. महीनों तक अननेचुरल डेथ का केस समझे जाने वाला यह मामला अब फॉरेंसिक रिपोर्ट के बाद मर्डर केस में बदल गया. मार्थाहल्ली पुलिस के अनुसार, मृतक डॉ. कृतिका एम. रेड्डी (28) की विसरा रिपोर्ट में प्रोपोफोल (Propofol) नामक एनेस्थीसिया ड्रग पाया गया. यही दवा आमतौर पर सर्जरी में बेहोशी के लिए दी जाती है. रिपोर्ट के बाद पुलिस ने आरोपी पति डॉ. महेंद्र रेड्डी जी.एस. (31) को गिरफ्तार कर लिया. वह Institute of Gastroenterology Sciences and Organ Transplant में सर्जिकल रेजिडेंट थे. कृतिका और महेंद्र की शादी मई 2024 में हुई थी, और अप्रैल 2025 में यह घटना घटित हुई.
अस्पताल में लाया गया था मृत अवस्था में
24 अप्रैल को महेंद्र अपनी पत्नी को मार्थाहल्ली स्थित कावेरी अस्पताल लेकर पहुंचा और कहा कि वह घर में बेहोश हो गई थी. लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें ब्रॉट डेड घोषित कर दिया. इसके बाद पुलिस को सूचित किया गया और पोस्टमॉर्टम अनिवार्य कर दिया गया. महेंद्र और कृतिका के पिता मुनी रेड्डी ने पोस्टमॉर्टम न करने की गुहार लगाई थी. मुनी रेड्डी ने कहा था, “मैं अपनी बेटी के शरीर को काटते देख नहीं सकता.” लेकिन नियमों के अनुसार पोस्टमॉर्टम किया गया और इससे हत्या की खौफनाक साजिश का पर्दाफाश हुआ.
घर से मिला इंजेक्शन
सीन ऑफ क्राइम टीम ने महेंद्र के घर से कई इंजेक्शन और मेडिकल तरल पदार्थ बरामद किए. महेंद्र ने दावा किया कि वह अपनी पत्नी का गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल (GI) प्रॉब्लम्स के लिए घर पर ही इलाज कर रहा था. लेकिन फॉरेंसिक रिपोर्ट में जो निकला, उसने इस दावे को झूठा साबित कर दिया.
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में मौत का कारण खाली छोड़ा गया था, लेकिन जैसे ही FSL रिपोर्ट आई, मामला अननेचुरल डेथ से मर्डर केस में बदल गया.
मणिपाल में पकड़ा गया आरोपी डॉक्टर
रिपोर्ट आते ही पुलिस ने महेंद्र को मणिपाल (उडुपी जिला) से गिरफ्तार कर लिया, जहां वह एक मेडिकल कॉन्फ्रेंस में शामिल था. पूछताछ में उसने कहा कि वह अपनी पत्नी का इलाज कर रहा था, लेकिन ओवरडोज क्यों दिया. इसका कोई ठोस जवाब नहीं दे सका.
शादी के बाद रिश्तों में बढ़ी कड़वाहट
पुलिस जांच में सामने आया कि शादी के बाद महेंद्र को कृतिका की कई स्वास्थ्य समस्याओं के बारे में पता चला. जैसे लो ब्लड प्रेशर और GI प्रॉब्लम. इससे वह नाराज हो गया था और ससुराल वालों पर जानकारी छिपाने का आरोप लगाता था. इसके अलावा, मृतका के पिता के अनुसार, महेंद्र ने कई बार पैसे की मांग की थी और एक प्राइवेट अस्पताल बनवाने का दबाव भी डाला था. उसने शादी के कुछ समय बाद कृतिका से दूरी बनानी शुरू कर दी और किसी अन्य महिला के करीब आने लगा.
पोस्टमॉर्टम पर जोर देने वाली बहन ने बदल दिया केस का रुख
कृतिका की बड़ी बहन निकिता, जो खुद भी डॉक्टर हैं, उन्होंने पुलिस से पोस्टमॉर्टम करवाने की जिद की. इसी के चलते FSL जांच हुई और शरीर में प्रोपोफोल की मौजूदगी सामने आई. यह वही दवा है जिसका ओवरडोज इंसान की जान ले सकता है.
मृतक के पिता मुनी रेड्डी की शिकायत पर मार्थाहल्ली पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया है. महेंद्र पर अपनी पत्नी को योजनाबद्ध तरीके से ओवरडोज देकर मारने का आरोप है. फिलहाल उसे हिरासत में लेकर आगे की पूछताछ की जा रही है.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 15, 2025 09:49 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

