बेंगलुरू पिता-पुत्री मौत मामला: 2 अधिकारी गिरफ्तार, बाद में जमानत पर छूटे
इलेक्ट्रिक ट्रांसफॉर्मर ब्लास्ट मामले में बेंगलुरु इलेक्ट्रिसिटी सप्लाई कंपनी (बेसकॉम) से जुड़े दो अधिकारियों को सोमवार को गिरफ्तार करने के बाद रिहा कर दिया गया. दरअसल ट्रांसफर्मर विस्फोट की चपेट में आने से 23 मार्च को स्कूटर सवार पिता व बेटी की मौत हो गई थी.
बेंगलुरू, 29 मार्च : इलेक्ट्रिक ट्रांसफॉर्मर ब्लास्ट मामले में बेंगलुरु इलेक्ट्रिसिटी सप्लाई कंपनी (बेसकॉम) से जुड़े दो अधिकारियों को सोमवार को गिरफ्तार करने के बाद रिहा कर दिया गया. दरअसल ट्रांसफर्मर विस्फोट की चपेट में आने से 23 मार्च को स्कूटर सवार पिता व बेटी की मौत हो गई थी. गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान सहायक अभियंता दिनेश और कनिष्ठ अभियंता महंतेश के रूप में हुई है, दोनों बेसकॉम के लिए काम कर रहे थे. पुलिस ने उन्हें सोमवार को गिरफ्तार कर शाम तक थाने में जमानत पर रिहा कर दिया. पीड़ितों और प्रत्यक्षदर्शियों के परिवार ने बेसकॉम अधिकारियों की ओर से घोर लापरवाही का आरोप लगाया है. हालांकि स्थानीय निवासियों ने बिजली के ट्रांसफार्मर से तेल रिसाव के संबंध में शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन कर्मचारियों ने कथित तौर पर आंखें मूंद लीं, जिसके परिणामस्वरूप दुखद दुर्घटना हुई.
घटना के बाद विभाग ने घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं. एक आरोपी अधिकारी दिनेश का एक माह पहले संभाग में तबादला कर दिया गया था. स्थानीय लोगों ने बताया कि बिजली ट्रांसफार्मर को लेकर शिकायत दो दिन पहले हेल्पलाइन के जरिए दी गई थी. हादसे के दिन ट्रांसफार्मर में आग लगने की सूचना मिलने पर उन्होंने अधिकारियों को भी फोन किया था. पुलिस जांच में हादसे की वजह अधिकारियों की ओर से घोर लापरवाही बताई गई है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अगर शिकायत को गंभीरता से लिया जाता तो दुर्घटना से बचा जा सकता था. यह भी पढ़ें : PF New Rules: पीएफ नियमों में बदलाव के चलते 1 अप्रैल से लगने वाला है तगड़ा झटका, लाखों नौकरीपेशा लोगों पर पड़ेगा असर
पुलिस जांच में बेसकॉम हेल्पलाइन (1912) के कर्मचारियों द्वारा दिखाई गई लापरवाही का भी खुलासा हुआ है. स्थानीय लोगों द्वारा शिकायत दर्ज किए जाने के बाद, हेल्पलाइन के कर्मचारी शिकायत को संबंधित उच्चाधिकारियों के नोटिस में भेजने में विफल रहे. विस्फोट होने के बाद ही अधिकारियों को इसकी जानकारी हुई. पुलिस अब कानूनी कार्रवाई शुरू करने के लिए हेल्पलाइन के कर्मचारियों के बारे में जानकारी जुटा रही है.
शिवराज (55) और उनकी बेटी चैतन्य (19) की स्कूटर की सवारी करते समय जलकर मौत हो गई, क्योंकि सड़क किनारे स्थित बिजली का ट्रांसफार्मर दिन के उजाले में फट गया. अस्पताल में भर्ती होने के कुछ घंटे बाद पिता की मौत हो गई और अगले दिन बेटी ने दम तोड़ दिया. विस्फोट के बाद, बिजली के ट्रांसफार्मर से तेल पीड़ितों पर छिड़का और दोनों गंभीर रूप से झुलस गए. धमाका इतना जबरदस्त था कि जिस स्कूटर पर दोनों सवार थे, वह भी जल गया.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 29, 2022 10:47 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

