Air India Plane Crash: ब्रिटिश परिवारों को नहीं मिले अपनों के शव, गलत डेडबॉडी पहुंचीं; परिजनों से नहीं मिल रहा DNA
Air India Plane Crash | X

एयर इंडिया विमान हादसे के बाद ब्रिटेन में रह रहे दो परिवारों को जो शव सौंपे गए, वे उनके अपने परिजनों के नहीं थे. यह चौंकाने वाला मामला तब सामने आया जब लंदन में शवों की पहचान के लिए DNA (Air India 171 Wrong DNA) जांच की गई और सच्चाई सामने आई. अहमदाबाद में क्रैश हुए एयर इंडिया विमान में मारे गए ब्रिटेन दो लोगों के परिवारों ने दावा किया है कि उन्हें जो गलत शव सौंपे गए हैं. उनके वकील जेम्स हीली के मुताबिक, दो शवों का DNA परिवार से मेल नहीं खा रहा.

अहमदाबाद प्लेन क्रैश पर Air India के CEO का बड़ा बयान- कॉकपिट में थी भ्रम की स्थिति, जांच से नए सवाल खड़े हुए.

सूत्रों के अनुसार, शव अहमदाबाद के एक सरकारी अस्पताल से DNA नमूने (Air India 171 Wrong DNA) लेकर सीलबंद ताबूतों में भेजे गए थे. एयर इंडिया का इसमें सिर्फ सहयोगात्मक भूमिका थी. लेकिन पहचान की प्रक्रिया में गलती हो गई और गलत शव भेज दिए गए.

DNA से मैच नहीं हो रहे अवशेष

वकील के मुताबिक इसका खुलासा तब हुआ जब लंदन में कोरोनर यानी हादसे में मारे गए लोगों की जांच करने वाले अधिकारी ने मृतकों के अवशेषों का डीएनए मैच करके पहचान को वैरिफाई करने की कोशिश की. वकील का कहना है कि गलत अवशेष मिलने से परिवार बेहद परेशान हैं.

एक परिवार को जब लंदन के कोरोनर ने बताया कि ताबूत में किसी अज्ञात व्यक्ति का शव है, तो उन्होंने अंतिम संस्कार रोक दिया. वहीं, एक अन्य परिवार को एक ही ताबूत में दो यात्रियों के अवशेष मिले, जिन्हें अलग कर अंतिम संस्कार करना पड़ा.

‘परिजनों को जवाब चाहिए’ – वकील का बयान

ब्रिटिश परिवारों की ओर से प्रतिनिधित्व कर रहे वकील जेम्स हीली-प्रैट ने कहा, "कुछ परिवारों को गलत शव मिले हैं, यह बेहद दुखद और अस्वीकार्य है. इन लोगों को अपने प्रियजनों के बारे में सच्चाई जानने का हक है."

ब्लैकबर्न निवासी अल्ताफ ताजु ने इस हादसे में अपने माता-पिता और जीजा को खो दिया. वे कहते हैं, "हमें सिर्फ एक ID नंबर और एक कागज मिला, किसी ने अवशेष नहीं दिखाए." हालांकि, उन्हें इस बात से थोड़ी राहत है कि उनके परिजन भारत में जल्दी दफना दिए गए, जिससे वे इस भ्रम से बच गए.

सरकारी जांच और प्रक्रिया पर सवाल

यह हादसा 12 जून को अहमदाबाद के पास हुआ, जब एयर इंडिया की AI 171 फ्लाइट मेडिकल स्टूडेंट्स के हॉस्टल पर गिर गई. कुल 260 लोग मारे गए थे, जिनमें 53 ब्रिटिश नागरिक थे. शवों की पहचान अहमदाबाद सिविल अस्पताल ने की, लेकिन अब यह सवाल उठ रहा है कि प्रक्रिया में इतनी गंभीर चूक कैसे हुई.

सरकारी सूत्रों के अनुसार, अस्पताल ने सीलबंद ताबूत परिजनों को सौंपे थे और एयर इंडिया ने केवल ट्रांसफर में मदद की. अब वकील और परिजन मांग कर रहे हैं कि पूरे शव पहचान प्रक्रिया की जांच हो और यह स्पष्ट हो कि गलती कहां हुई.