Navi Mumbai Shocker: वाशी लोकल ट्रेन में युवक को आया हार्ट अटैक, हॉस्पिटल में हुई मौत, समय पर एम्बुलेंस नहीं मिलने का परिजनों ने लगाया आरोप
A young man suffered a heart attack on a local train (Credit-Pixabay)

Navi Mumbai नवी मुंबई (Navi Mumbai) के वाशी रेलवे स्टेशन (Vashi Railway Station) से एक बेहद गंभीर और चिंताजनक मामला सामने आया है. लोकल ट्रेन से यात्रा कर रहे 25 वर्षीय युवक की अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद मौत हो गई. परिजनों का आरोप है कि स्टेशन पर मौजूद 108 एम्बुलेंस का चालक खाने के लिए चला गया था, जिससे युवक को समय पर इलाज नहीं मिल सका.मिली जानकारी के अनुसार मृतक का नाम हर्ष पटेल है.

वह 2 दिसंबर को दोपहर चेंबूर से पनवेल जा रही सीएसएमटी से पनवेल में सवार हुआ था. यात्रा के दौरान अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई और वह ट्रेन में ही बेहोश होकर गिर पड़ा.ये भी पढ़े:Heart Attack on Train: महिला को ट्रेन में आया हार्ट अटैक, समय पर एंबुलेंस न पहुंचने से हुई मौत

एम्बुलेंस ड्राइवर खाना खाने गया

घटना के बाद सहयात्रियों ने तुरंत जीआरपी की हेल्पलाइन पर सूचना दी. ट्रेन जब वाशी स्टेशन पहुंची, तो जीआरपी कर्मियों ने युवक को तुरंत एम्बुलेंस में शिफ्ट किया.लेकिन चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि उस समय एम्बुलेंस ड्राइवर मौके पर मौजूद नहीं था और वह खाना खाने गया हुआ था.

डॉक्टरों ने किया मृत घोषित

ड्राइवर की अनुपस्थिति के कारण युवक को तुरंत हॉस्पिटल ले जाने का कोई विकल्प नहीं बचा.आखिरकार यात्रियों और जीआरपी की मदद से हर्ष को पुलिस जीप में डालकर नवी मुंबई के हॉस्पिटल ले जाया गया. लेकिन वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया. डॉक्टरों के मुताबिक मौत का कारण सीवियर हार्ट अटैक था.

जीआरपी का बयान

वाशी जीआरपी के वरिष्ठ निरीक्षक किरण उन्द्रे ने बताया कि एम्बुलेंस ड्राइवर का 24 घंटे उपलब्ध रहना जरूरी होता है.बिना किसी वैकल्पिक व्यवस्था के ड्यूटी छोड़ना गंभीर लापरवाही (Serious Negligence) की श्रेणी में आता है. उन्होंने यह भी कहा कि मृतक को पहले से कुछ स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं थीं.

परिजनों का आरोप

हर्ष की बहन अमिका पटेल ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो (Viral Video) साझा करते हुए रेलवे प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने दावा किया कि वाशी स्टेशन पर Stretcher, Wheelchair, First Aid और CPR Trained Staff जैसी बुनियादी सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं थीं.अमिका का कहना है कि CCTV Footage में उनका भाई पूरी तरह स्वस्थ अवस्था में ट्रेन में चढ़ता हुआ दिखाई देता है. उन्होंने बताया कि स्टेशन पहुंचने के बाद कपड़ों की मदद से यात्रियों ने उसे सबवे से बाहर निकाला, क्योंकि कोई मेडिकल सुविधा तुरंत उपलब्ध नहीं थी.परिजनों ने आरोप लगाया कि वाशी जीआरपी चौकी में लिखित शिकायत लेने से इनकार कर दिया गया और उन्हें सीधे DRM Office (CSMT DRM Office) भेजा गया. फिलहाल परिवार ने वहां औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है. हालांकि, इस मामले में अब तक Central Railway PRO की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.