Manoj Kumar Funeral: भारतीय सिनेमा के महान अभिनेता मनोज कुमार के निधन से फिल्म इंडस्ट्री में शोक की लहर दौड़ गई है. उनके अंतिम संस्कार में बॉलीवुड के कई बड़े सितारे और फिल्म निर्माता-निर्देशक पहुंचे. रवीना टंडन और कई अन्य दिग्गज हस्तियां उन्हें अंतिम विदाई देने पहुंचीं. मनोज कुमार ने अपने फिल्मी सफर में कई यादगार फिल्में दीं, जिनमें मुख्य रूप से देशभक्ति और सामाजिक मुद्दों पर केंद्रित सिनेमा शामिल था. Manoj Kumar Unknown Facts: देशभक्ति सिनेमा के प्रतीक दिग्गज अभिनेता मनोज कुमार का 87 वर्ष की आयु में निधन, जानिए उनके जीवन से जुड़े कुछ अनसुने तथ्य!
मनोज कुमार ने अपने करियर में कई यादगार फिल्में दीं, खासकर देशभक्ति और सामाजिक विषयों पर केंद्रित फिल्में, जिनमें 'शहीद' (1965) में भगत सिंह की भूमिका, 'उपकार' (1967) जो 'जय जवान, जय किसान' नारे से प्रेरित थी, 'पूरब और पश्चिम' (1970) जिसमें भारतीय संस्कृति और पश्चिमी सभ्यता की तुलना दिखाई गई, 'रोटी, कपड़ा और मकान' (1974) जो सामाजिक असमानता पर केंद्रित थी, और 'क्रांति' (1981) जो स्वतंत्रता संग्राम पर आधारित थी, शामिल हैं. उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए उन्हें 1992 में पद्मश्री से सम्मानित किया गया, जो भारतीय सिनेमा में उनकी उत्कृष्ट उपलब्धियों का प्रमाण है.
मनोज कुमार को अंतिम विदाई देने पहुंचे फिल्मी सितारे:




मनोज कुमार का जाना सिनेमा जगत के लिए एक युग के अंत जैसा है. उनके बनाए देशभक्ति से भरपूर सिनेमा और समाज को जागरूक करने वाली फिल्में आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनी रहेंगी. 1992 में उन्हें पद्मश्री सम्मान से नवाजा गया, जो भारतीय सिनेमा में उनके अद्वितीय योगदान का प्रमाण है. उनकी फिल्मों और योगदान को हमेशा याद रखा जाएगा.













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