जयपुर, 17 अप्रैल केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के पूर्व महानिदेशक (डीजीपी) के. विजय कुमार ने सोमवार को आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई के लिए आपात प्रतिक्रिया केंद्रों की आवश्यकता पर बल दिया।
राजस्थान पुलिस अकादमी सभागार में ‘भारतीय पुलिस : वर्तमान समय की चुनौतियां और भविष्य के लिए रोडमैप’ विषय पर आयोजित संगोष्ठी को संबोंधित करते हुए उन्होंने तकनीक के वर्तमान दौर में पुलिसकर्मियों के लिए डिजिटल तकनीक की व्यापक जानकारी की आवश्यकता पर बल दिया।
कुमार ने कहा कि आपात स्थिति के मामलों को संभालने के लिए आपातकालीन प्रतिक्रिया केंद्र स्थापित करने की आवश्यकता है।
उन्होंने उच्चशिक्षा प्राप्त संभ्रांत परिवारों के बच्चों के भ्रमित होकर अपराध की दुनिया में प्रवेश पर चिंता व्यक्त करते हुए जागरूकता पर जोर दिया।
महाराष्ट्र के पूर्व डीजीपी डी. शिवानन्धन ने आर्थिक गतिविधियों से बढ़ रहे संगठित अपराधों की रोकथाम के लिए विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता पर जो दिया।
उन्होंने कहा कि भविष्य में साइबर ही अपराधों का मुख्य आधार होगा। उन्होंने मुंबई में माफिया गिरोहों के सफाया के लिए किये प्रयासों पर प्रकाश डाला।
संगोष्ठी का आयोजन राजस्थान पुलिस अकादमी द्वारा किया गया था जिसे राजस्थान के पुलिस महानिदेशक पुलिस उमेश मिश्रा और अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस रेलवे एवं सेमिनार प्रभारी संजय अग्रवाल ने भी संबोंधित किया।
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