बेलारूस में प्रीगोझिन के निर्वासन की घोषणा क्रेमलिन ने पहले उस समझौते के हिस्से के रूप में की थी, जिसने विद्रोह को समाप्त कर दिया था।
लुकाशेंको ने मंगलवार को कहा कि प्रीगोझिन बेलारूस आ गए हैं और वह एवं उनके कुछ सैनिक अपने खर्च पर "कुछ समय के लिए" बेलारूस में रहेंगे।
रूसी अधिकारियों ने मंगलवार को कहा कि उन्होंने निजी सेना के प्रमुख येवगेनी प्रीगोझिन के नेतृत्व में सशस्त्र विद्रोह की आपराधिक जांच बंद कर दी है और उनके या उनके सैनिकों के खिलाफ कोई आरोप नहीं लगा रहे हैं।
संघीय सुरक्षा सेवा ने कहा कि उसकी जांच से पता चला है कि बगावत में शामिल लोगों ने ‘‘अपराध को अंजाम देने के इरादे से की जाने वाली गतिविधियां बंद कर दी हैं’’, इसलिए मामले को आगे नहीं बढ़ाया जाएगा।
प्रीगोझिन द्वारा ऐलान किये जाने के बाद यह बगावत 24 घंटे से भी कम समय तक चली थी। यूक्रेन में 16 महीने से जारी युद्ध के बीच रूस की सत्ता पर राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की पकड़ पर सबसे बड़ा खतरा पैदा करने वाली सिलसिलेवार घटनाओं में यह एक नयी कड़ी थी।
पुतिन ने प्रीगोझिन द्वारा सशस्त्र विद्रोह के ऐलान के बाद उन्हें और उनकी निजी सेना के लड़ाकों को देशद्रोही करार दिया था, लेकिन पिछले सप्ताहांत ‘वैग्नर’ प्रमुख के मॉस्को कूच की योजना को वापस लिये जाने के बाद क्रेमलिन (रूस के राष्ट्रपति कार्यालय) ने प्रीगोझिन और उनके लड़ाकों के खिलाफ कोई अभियोग नहीं चलाने का फैसला किया था।
रूस में सशस्त्र विद्रोह करने के आरोप में 20 साल तक की जेल की सजा का प्रावधान है। हालांकि, प्रीगोझिन का अभियोग से बचना एक दुर्लभ घटना है, क्योंकि क्रेमलिन बागियों और सरकार-विरोधी प्रदर्शनों में शामिल लोगों से बहुत सख्ती से निपटने के लिए जाना जाता है।
प्रीगोझिन (62) कहां है, वह मंगलवार को भी एक रहस्य बना रहा। क्रेमलिन ने कहा है कि प्रीगोझिन को पड़ोसी देश बेलारूस में निर्वासन में भेजा जाएगा।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)













QuickLY