नयी दिल्ली, एक अगस्त स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री मनसुख मांडविया ने मंगलवार को कहा कि उनके मंत्रालय की ई-स्वास्थ्य पहल ई-संजीवनी के तहत अप्रैल 2021 से इस साल 26 जुलाई तक 14.17 करोड़ से अधिक टेली-परामर्श दिए गए हैं।
उन्होंने एक सवाल के जवाब में राज्यसभा को यह जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने टेलीमेडिसिन एप्लिकेशन ई-संजीवनी विकसित की है जिसमें डॉक्टर से डॉक्टर और डॉक्टर से रोगी को परामर्श दिया जाता है। इस एप्लिकेशन के तहत विशेषज्ञों सहित डॉक्टर ग्रामीण क्षेत्रों में रोगियों को स्वास्थ्य और आरोग्य केंद्रों (एचडब्ल्यूसी) में सेवाएं प्रदान करते हैं।
इस ऐप की शुरूआत अप्रैल 2021 में की गई थी।
मांडविया ने कहा कि इसके अलावा दूरदराज और ग्रामीण क्षेत्रों के लोग भी ई-संजीवनी के ‘ओपीडी’ के माध्यम से सेवाओं का लाभ उठा सकते हैं औ 26 जुलाई, 2023 तक कुल 14,17,81,384 टेली- परामर्श दिए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में, कुल 57,32,954 टेली-परामर्श दिए जा चुके हैं, जिनमें से 9,54,835 टेली- परामर्श वरिष्ठ नागरिकों को और 31,67,798 टेली- परामर्श महिलाओं को प्रदान किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि देश भर में टेलीमेडिसिन सेवाओं सहित डिजिटल स्वास्थ्य पहल के प्रभावी कार्यान्वयन की सहायता के उद्देश्य से, स्वास्थ्य मंत्रालय स्वास्थ्य आईटी बुनियादी ढांचे और इंटरनेट कनेक्टिविटी को मजबूत करने के लिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत सभी राज्यों को वित्तीय सहायता प्रदान करता है। सरकार ने टेलीमेडिसिन सेवाओं के बारे में जानकारी प्रसारित करने और ग्रामीण क्षेत्रों में जनता के बीच जागरूकता पैदा करने के लिए कई कदम उठाए हैं।
उन्होंने कहा कि टेलीमेडिसिन के माध्यम से संबंधित विशेषज्ञों के साथ परामर्श की सुविधा के लिए देश भर में विशेषज्ञ केंद्र स्थापित किए गए हैं।
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