नयी दिल्ली, 12 जून दिल्ली सरकार ने शुक्रवार को कहा कि वह पूरे सम्मान और ईमानदारी के साथ उच्चतम न्यायालय की टिप्पणियों को स्वीकार करती है। साथ ही कहा कि वह शहर में कोविड-19 के सभी मरीजों के लिए गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराने और बेहतर ढांचा स्थापित करने के लिए पूरी तरह से प्रयासरत रही।
इससे पहले, कोविड-19 को लेकर शुक्रवार को उच्चतम न्यायालय ने वीडियो कॉन्ंफ्रेस के माध्यम से सुनवाई के दौरान कहा, ‘‘दिल्ली की स्थिति तो बहुत ही भयावह और दयनीय है।’’
दिल्ली में कोविड-19 के लिये निर्दिष्ट लोक नायक जयप्रकाश नारायण अस्पताल में कोरोना वायरस के मरीजों के बगल में शव रखे होने के ‘लोमहर्षक’ दृश्यों को गंभीरता से लेते हुए उच्चतम न्यायालय ने सख्त लहजे में कहा कि यह सरकारी अस्पतालों की दयनीय हालत बयां कर रहे हैं।
उच्चतम न्यायालय की इन टिप्पणियों के बाद दिल्ली सरकार का बयान सामने आया है।
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दिल्ली सरकार ने एक बयान में कहा, '' हम पूरे सम्मान और ईमानदारी के साथ उच्चतम न्यायालय की टिप्पणियों को स्वीकार करते हैं। दिल्ली सरकार सभी के लिए स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराने और प्रत्येक कोविड-19 मरीज के लिए हरसंभव इलाज सुनिश्चित करने को प्रतिबद्ध है।''
इसके मुताबिक, अगर यहां अब भी कोई कमी है और इसे दिल्ली सरकार के संज्ञान में लाया जाता है तो सरकार इस पर तत्काल और पूरी ईमानदारी से कार्रवाई करेगी।
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