चंडीगढ़ हवाई अड्डे का नाम शहीद भगत सिंह के नाम पर रखने की घोषणा के बाद श्रेय लेने की होड़
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को चंडीगढ़ हवाई अड्डे का नाम स्वतंत्रता सेनानी शहीद भगत सिंह के नाम पर करने की घोषणा की. प्रधानमंत्री की घोषणा के साथ नेताओं में इसका श्रेय लेने की होड़ मच गई.
नयी दिल्ली, 25 सितंबर : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को चंडीगढ़ हवाई अड्डे का नाम स्वतंत्रता सेनानी शहीद भगत सिंह के नाम पर करने की घोषणा की. प्रधानमंत्री की घोषणा के साथ नेताओं में इसका श्रेय लेने की होड़ मच गई. मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ में मोदी ने कहा, ‘‘भगत सिंह की जयंती के ठीक पहले उन्हें श्रद्धांजलि स्वरूप एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है. (हमने) यह तय किया है कि चंडीगढ़ हवाई अड्डे का नाम अब शहीद भगत सिंह के नाम पर रखा जाएगा.’’ चंडीगढ़, पंजाब और हरियाणा के लोगों को बधाई देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इसकी लंबे समय से प्रतीक्षा की जा रही थी. प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘हम अपने स्वतंत्रता सेनानियों से प्रेरणा लें, उनके आदर्शों पर चलते हुए उनके सपनों का भारत बनाएं, यही, उनके प्रति हमारी श्रद्धांजलि होती है. शहीदों के स्मारक, उनके नाम पर स्थानों और संस्थानों के नाम हमें कर्तव्य के लिए प्रेरणा देते हैं.’’
मोदी ने कहा कि कुछ दिन पहले ही देश ने कर्तव्य पथ पर नेताजी सुभाषचन्द्र बोस की मूर्ति की स्थापना के ज़रिये भी ऐसा ही एक प्रयास किया है और अब शहीद भगत सिंह के नाम से चंडीगढ़ हवाई अड्डे का नाम इस दिशा में एक और कदम है.
उन्होंने कहा, ‘‘मैं चाहूंगा, अमृत महोत्सव में हम जिस तरह स्वतंत्रता सेनानियों से जुड़े विशेष अवसरों को मना रहे हैं उसी तरह 28 सितंबर को भी हर युवा कुछ नया प्रयास अवश्य करे.’’ पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और कई अन्य नेताओं ने प्रधानमंत्री की घोषणा का स्वागत किया. हालांकि, प्रधानमंत्री की घोषणा के बाद श्रेय लेने की होड़ मच गयी है. मान के हवाले से एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि यह राज्य सरकार के अथक प्रयासों का नतीजा है. पंजाब के मुख्यमंत्री ने कहा कि यह उनके और हर पंजाबी के लिए एक सपने के साकार होने जैसा है, क्योंकि उनकी सरकार इस संबंध में ठोस प्रयास कर रही थी.प्रधानमंत्री मोदी को शुक्रिया कहते हुए भाजपा नेता और पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि उनकी सरकार (जब वह कांग्रेस में थे) ने 2017 में केंद्र सरकार के साथ इस मामले को उठाया था. यह भी पढ़ें : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिवालय में बुलाई कानून-व्यवस्था पर हाई लेवल मीटिंग
सिंह ने बयान जारी कर कहा कि यह पंजाब के लोगों की लंबे समय से लंबित मांग थी कि हवाई अड्डे का नाम शहीद भगत सिंह के नाम पर रखा जाये, जो देश के लिए वीरता, साहस और बलिदान का एक उत्कृष्ट प्रतीक हैं. हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने इस घोषणा के लिए प्रधानमंत्री के प्रति आभार प्रकट किया. एक आधिकारिक बयान के अनुसार खट्टर ने कहा कि भगत सिंह की जयंती 28 सितंबर को है और इससे पहले चंडीगढ़ हवाई अड्डे का नाम उनके नाम पर रखा जाना महत्वपूर्ण है. हरियाणा के उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने भी इस घोषणा का स्वागत किया है. चौटाला ने कहा कि पंजाब और हरियाणा की सरकारें इससे पहले चंडीगढ़ अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का नाम भगत सिंह के नाम पर रखने के लिए सहमत हुई थीं. पिछले महीने इस मुद्दे पर भगवंत मान और दुष्यंत चौटाला की बैठक के बाद यह फैसला आया है. मान ने चौटाला के साथ बैठक का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘हमने चर्चा की थी और इस पर आम सहमति बनी थी.’’
मान ने कहा, ‘‘मैं खुश हूं कि हमारे प्रयास रंग लाये हैं और प्रधानमंत्री ने मन की बात कार्यक्रम में इस आशय की घोषणा की है.’’ पंजाब सरकार ने केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्रालय को एक पत्र भी भेजा था, जिसमें कहा गया था कि भगत सिंह की जयंती 28 सितंबर को पड़ती है और इससे पहले हवाई अड्डे का नाम महान स्वतंत्रता सेनानी के नाम पर रखा जा सकता है. पंजाब सरकार ने 2017 में हवाई अड्डे का नाम ‘‘शहीद-ए-आजम सरदार भगत सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, मोहाली’’ रखने की मांग की थी. हरियाणा सरकार ने कहा था कि उसे भगत सिंह के नाम पर कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन हवाई अड्डे के नाम में ‘मोहाली’ जोड़े जाने पर उसने चिंता जताई थी.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 25, 2022 11:48 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

