देश की खबरें | न्यायाधीशों की समिति ने उच्चतम न्यायालय के कामकाज की समीक्षा के लिये बैठक टाली
जियो

नयी दिल्ली, सात जून उच्चतम न्यायालय में अदालत कक्ष में नियमित कार्यवाही बहाल करने की सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन (एससीबीए) सहित अन्य बार एसोसिएशनों की मांग पर फैसले को लेकर संशय फिलहाल जारी रहने की संभावना है।

दरअसल, शीर्ष न्यायालय के वरिष्ठतम न्यायाधीश एन वी रमण की अध्यक्षता वाली तीन न्यायाधीशों की समिति ने कोविड-19 के मद्देनजर अदालतों में कामकाज की समीक्षा के लिये बार नेताओं के साथ अपनी पांच जून की बैठक टाल दी है।

यह भी पढ़े | अभिनेता सोनू सूद सीएम उद्धव ठाकरे से की मुलाकात: 7 जून 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

इस समिति के सदस्यों में न्यायमूर्ति अरूण मिश्रा और न्यायमूर्ति यू यू ललित भी शामिल हैं।

समिति की पांच जून को यहां जजेज गेस्ट हाउस में बार नेताओं के साथ बैठक होने वाली थी।

यह भी पढ़े | COVID-19 Vaccine Research: आयुष मंत्रालय के सचिव ने बताया इम्यूनिटी बढ़ाने वाली औषधियों का ट्रायल अब तक कितना सफल.

दिल्ली और आसपास के इलाकों में कोविड-19 के मामलों में तीव्र वृद्धि होने के मद्देनजर उच्चतम न्यायालय के कामकाज की समीक्षा के लिये यह बैठक होनी है।

सूत्रों ने बताया कि वीडियो कांफ्रेंस के जरिये सुनवाई के बजाय अदालत कक्ष में सुनवाई बहाल करने के अहम मुद्दे पर फैसले के लिये तीन न्यायाधीशों की मौजूदा समिति में कुछ और न्यायाधीशों को शामिल किये जाने की संभावना है।

उल्लेखनीय है कि लॉकडाउन लागू होने के चलते 25 मार्च से वीडियो कांफ्रेंस से सुनवाई हो रही है।

सूत्रों ने बताया कि समीक्षा बैठक पर जल्द ही फैसला लिये जाने की संभावना है।

दुष्यंत दवे की अध्यक्षता वाले एससीबीए ने चार जून को इसके सदस्य वकीलों को पत्र लिख कर नियमित रूप से अदालत कक्ष में सुनवाई बहाल करने पर अपने विचारों से न्यायाधीशों की समिति को अवगत कराने के लिये उनकी राय मांगी थी।

दवे ने खुली अदालतों को बहाल करने का समर्थन करते हुए यह भी कहा था, ‘‘न्याय का प्रशासन अनिश्चित काल के लिये वस्तुत: बंद नहीं रह सकता है।’’

बार काउंसिल ऑफ इंडिया, एससीबीए और सुप्रीम कोर्ट एडवोकेट्स ऑन रिकार्ड एसोसिएशन द्वारा अदालत कक्ष में नियमित सुनवाई बहाल करने की मांग की जा रही है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)