जरुरी जानकारी | चीन की वैश्विक डेटा सुरक्षा के लिए पहल

विदेश मंत्री वांग यी ने मंगलवार को बीजिंग में वैश्विक डिजिटल व्यवस्था पर एक सेमिनार में इस पहल की घोषणा की।

उन्होंने कहा कि साइबर सुरक्षा के बढ़ते खतरे से राष्ट्रों की राष्ट्रीय सुरक्षा, लोक हित और निजी अधिकारों को लेकर जोखिम बढ़ा है।

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चीन ने यह कदम अमेरिका और चीन के रिश्तों में बढ़ती दरार के बीच उठाया है। दोनों मुल्कों के बीच व्यापार तनाव के साथ-साथ संचार और कृत्रिम मेधा क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा भी है। अमेरिका का आरोप है कि चीनी प्रौद्योगिकी कंपनियों से अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरा है।

विदेश मंत्रालय द्वारा जारी यी के भाषण के अंश के मुताबिक, ‘‘ कुछ देश ‘स्वच्छ नेटवर्क’ के नाम पर दूसरे देशों के खिलाफ आधारहीन आरोप लगा रहे हैं। सुरक्षा को दूसरे देशों के कारोबार पर हमला करने का हथियार बना रहे हैं जिनसे उन्हें कड़ी प्रतिस्पर्धा मिल रही है। इस तरह की एकतरफा कार्रवाई और धमकाने वाले रवैये का विरोध होना चाहिए।’’

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यी ने कहा कि डेटा सुरक्षा को लेकर अंतरराष्ट्रीय नियम विकसित किए जाने चाहिए जो सभी देशों की व्यापक भागीदारी से बनें और उनके हित और सम्मान को पूरी जगह दें।

अमेरिका के विदेश मंत्री माइक पॉम्पियो ने पिछले महीने ‘क्लीन नेटवर्क’ (स्वच्छ नेटवर्क) कार्यक्रम पेश किया था। उन्होंने कहा था कि इस कार्यक्रम का मकसद लोगों की निजी, संवदेनशील जानकारी की चीन की कम्युनिस्ट पार्टी जैसे घातक लोगों से सुरक्षा करना है।

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