वाशिंगटन: भारतीय छात्रों की तीन टीमों ने अलबामा के हंट्सविला स्थित यूएस स्पेस एंड रॉकेट सेंटर (US Space and Rocket Center) में आयोजित नासा के ह्यूमन एक्सप्लोरेशन रोवर चैलेंज (NASA Human Exploration Rover Challenge) में पुरस्कार जीते हैं. नासा ने रविवार देर रात को जारी बयान में कहा कि गाजियाबाद के केआईइटी ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस ने कालेज/विश्वविद्यालय स्तर पर 'एआईएए नील आर्मस्ट्रांग बेस्ट डिजाइन अवार्ड' जीता है.
मुंबई के द मुकेश पटेल स्कूल ऑफ टेक्नोलॉजी मैनेजमेंट एंड इंजीनियरिंग ने कॉलेज/विश्वविद्यालय स्तर पर 'फ्रैंक जॉ सेक्सटॉन मेमोरियल पीट क्रू अवार्ड' जीता है. वहीं पंजाब के फगवाड़ा स्थिर लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी ने 'स्टेम एंगेजमेंट अवार्ड' जीता है.
यह भी पढ़ें: नासा के वैज्ञानिक का अनुमान, धरती पर आ चुके हैं एलियन, लेकिन शायद इंसानों को पता नहीं चल पाया
स्टेम एंगेजमेंट ऑफिस के कार्यवाहक प्रबंधक बॉब मसग्रॉव ने कहा, "प्रत्येक वर्ष रोवर कॉर्स में कलात्मकता, कौशल और संसाधनशीलता का प्रदर्शन किया जाता है, जिसने 1969 में चांद पर जाने के मार्ग को प्रशस्त किया था और जो अभी भी नासा को आगे बढ़ा रहे हैं, ताकि 2024 में फिर से चांद तक जाया जा सके."
कोलंबिया और पुर्तो रिको के करीब 23 जिले और बांग्लादेश, जर्मनी, भारत, मैक्सिको, मोरक्को और पेरु से लगभग कुल 100 टीमों ने इसमें भाग लिया था. इस प्रतियोगिता में उच्च विद्यालय और कॉलेज की टीमों को अपोलो ल्यूनर मिशन और फ्यूचर एक्सप्लोरेशन मिशन से प्रेरित ह्यूमन पावर रोविंग वाहनों को डिजायन कर उनका निर्माण करने की चुनौती दी गई थी.