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Russia Ukraine War: चीन ने कहा, संयुक्त राष्ट्र को यूक्रेन संकट के राजनयिक समाधान को बढ़ावा देने में मदद करनी चाहिए

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने 27 फरवरी को आयोजित सम्मेलन में अमेरिका समेत देशों द्वारा प्रस्तुत यूक्रेन की स्थिति पर आपातकालीन विशेष संयुक्त राष्ट्र महासभा आयोजित करने के नंबर 2626 प्रस्ताव को पारित किया

Russia Ukraine War: चीन ने कहा, संयुक्त राष्ट्र को यूक्रेन संकट के राजनयिक समाधान को बढ़ावा देने में मदद करनी चाहिए
China (Photo Credits: Pixabay)

Russia Ukraine War: संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने 27 फरवरी को आयोजित सम्मेलन में अमेरिका समेत देशों द्वारा प्रस्तुत यूक्रेन की स्थिति पर आपातकालीन विशेष संयुक्त राष्ट्र महासभा आयोजित करने के नंबर 2626 प्रस्ताव को पारित किया. संयुक्त राष्ट्र स्थित चीनी स्थायी प्रतिनिधि चांग चून ने सम्मेलन में भाग लिया और संबंधित मतदान में तटस्थ रहने का वोट देकर चीन के रवैया का स्पष्टीकरण दिया. चांग चून ने कहा कि वर्तमान में यूक्रेन में स्थिति तेजी से बदल रही . इस समय सबसे बड़ी प्राथमिकता है कि सभी पक्ष यूक्रेन की स्थिति को और खराब होने से बचाने के लिए आवश्यक संयम बरतें.

चीन यूक्रेन संकट के शांतिपूर्ण समाधान के लिए सभी राजनयिक प्रयासों का समर्थन करता है और प्रोत्साहित करता है, और रूस व यूक्रेन के बीच जल्दी ही सीधी बातचीत करने का स्वागत करता है. साथ ही, चीन यूरोपीय सुरक्षा मुद्दे पर समान संवाद करने के लिए यूरोप और रूस का समर्थन करता है, ताकि सुरक्षा व अविभाज्यता की अवधारणा के आधार पर अंतत: संतुलित, प्रभावी और सतत यूरोपीय सुरक्षा तंत्र संपन्न हो सके. यह भी पढ़े: Russia Ukraine War: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की सीसीएस की बैठक, कर सकते हैं पुतिन से बात

चांग चून ने जोर देकर कहा कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद को क्षेत्रीय शांति व स्थिरता और सभी पक्षों की सामान्य सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए यूक्रेन मुद्दे को सुलझाने में रचनात्मक भूमिका निभानी चाहिए। संयुक्त राष्ट्र की कार्रवाइयों से तनाव कम करने, राजनयिक समाधान बढ़ाने और संघर्षों को बढ़ाने से बचाने में मदद मिलनी चाहिए.

हाल ही में यूक्रेन की स्थिति के बढ़ने के बाद सुरक्षा परिषद ने कई आपातकालीन सम्मेलन आयोजित किये। वर्तमान मतदान में अमेरिका सहित 11 देशों ने पक्ष में मत दिया,रूस ने विपक्ष में वोट दिया और चीन सहित 3 देश तटस्थ रहे. संयुक्त राष्ट्र के नियमों के अनुसार, रूस, फ्रांस, ब्रिटेन, अमेरिका और चीन समेत सुरक्षा परिषद के पांच स्थायी सदस्य इस तरह के वोट में वीटो शक्ति का इस्तेमाल नहीं कर सकते.

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 28, 2022 06:52 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).