Oracle Layoffs: ऑरेकल इंडिया में अचानक छंटनी, सुबह 6 बजे ईमेल भेजकर कर्मचारियों को निकाला; सिस्टम एक्सेस भी किया बंद
ऑरेकल कॉर्पोरेशन (Oracle) ने भारत में अपने कई कर्मचारियों को बिना किसी पूर्व सूचना के अचानक नौकरी से निकाल दिया है. कर्मचारियों का आरोप है कि उन्हें सुबह तड़के ईमेल भेजकर सूचित किया गया और तत्काल प्रभाव से उनके सिस्टम एक्सेस ब्लॉक कर दिए गए.
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बेंगलुरु: दिग्गज टेक कंपनी ऑरेकल कॉर्पोरेशन (Oracle) में बड़े पैमाने पर छंटनी की खबरों ने भारतीय आईटी क्षेत्र (Indian IT Sector) में चिंता पैदा कर दी है. मंगलवार सुबह करीब 6 बजे भारतीय समय (IST) के अनुसार, कई कर्मचारियों को ईमेल (Email) के जरिए उनकी बर्खास्तगी की सूचना दी गई. इस अचानक हुई कार्रवाई ने न केवल प्रभावित कर्मचारियों को सदमे में डाल दिया है, बल्कि पूरी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं.
रेडिट (Reddit) और अन्य ऑनलाइन मंचों पर साझा किए गए कर्मचारियों के अनुभवों के अनुसार, टर्मिनेशन ईमेल मिलने के कुछ ही मिनटों के भीतर उन्हें कंपनी के आंतरिक सिस्टम और वर्क नेटवर्क से बाहर (Lock out) कर दिया गया. कर्मचारियों का आरोप है कि इस पूरी प्रक्रिया में मानवीय संवाद का अभाव था. न तो उनके प्रबंधकों (Managers) ने और न ही एचआर विभाग ने इस छंटनी के बारे में कोई पूर्व सूचना या चर्चा की थी. यह भी पढ़ें: Atlassian Layoffs: एटलेसियन में बड़ी छंटनी, AI पर फोकस बढ़ाने के लिए 1,600 कर्मचारियों निकालने की तैयारी; भारत समेत दुनिया भर में असर
इन विभागों पर पड़ी सबसे ज्यादा गाज
हालांकि ऑरेकल ने अभी तक छंटनी के सटीक आंकड़ों की पुष्टि नहीं की है, लेकिन शुरुआती रिपोर्ट्स संकेत देती हैं कि भारत में कई टीमों पर इसका गहरा असर पड़ा है. कुछ समूहों में 20 से 30 प्रतिशत तक की कटौती की बात कही जा रही है. अपुष्ट खबरों के अनुसार, इंजीनियरिंग, प्रोडक्ट और समाधान (Solution) भूमिकाओं के अलावा हार्डवेयर और सेल्स डिवीजनों में सबसे अधिक नौकरियां गई हैं. चर्चा यह भी है कि कंपनी अपनी प्राथमिकताओं को पारंपरिक एंटरप्राइज़ सेवाओं से हटाकर क्लाउड और एआई (AI) तकनीकों की ओर मोड़ रही है.
प्रदर्शन नहीं, लागत कटौती को माना जा रहा कारण
कर्मचारियों के बीच सबसे बड़ी चिंता छंटनी के मानदंडों (Criteria) को लेकर है. कई प्रभावित लोगों का दावा है कि वे उच्च प्रदर्शन करने वाले (High-performers) थे और हाल ही में उनका प्रमोशन भी हुआ था. ऐसे में यह तर्क देना कि ये कटौती प्रदर्शन आधारित है, गलत प्रतीत होता है. विशेषज्ञों और कर्मचारियों का मानना है कि अधिक वेतन वाले पदों को कम करने के लिए यह लागत कटौती (Cost-Cutting) का एक हिस्सा हो सकता है.
ईमेल में क्या लिखा था?
प्रभावित कर्मचारियों को भेजे गए ईमेल में कहा गया है: 'कंपनी में हो रहे कुछ संगठनात्मक परिवर्तनों और हमारी वर्तमान व्यावसायिक आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए, ऑपरेशन्स को सुव्यवस्थित करने का निर्णय लिया गया है. इसके परिणामस्वरूप, दुर्भाग्य से आपकी वर्तमान स्थिति (Position) अब अतिरिक्त (Redundant) हो गई है.'
ईमेल में आगे बताया गया है कि कर्मचारियों को नोटिस अवधि के दौरान 'गार्डन लीव' (Garden Leave) पर रखा जाएगा, जिसका अर्थ है कि वे वेतन तो प्राप्त करेंगे लेकिन उन्हें काम करने की आवश्यकता नहीं होगी. यह भी पढ़ें: टेक जगत में छाई मायूसी: ‘Forever Layoffs’ और AI के बढ़ते चलन से कर्मचारियों का मनोबल न्यूनतम स्तर पर
आगे की अनिश्चितता
छंटनी के शिकार हुए कर्मचारियों को सेवरेंस पैकेज (Severance package) देने का वादा किया गया है, लेकिन इसके विवरण अभी स्पष्ट नहीं हैं. ऑरेकल कॉर्पोरेशन की ओर से अब तक इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है.
यह घटना टेक इंडस्ट्री में बढ़ते उस चलन को दर्शाती है जहां छंटनी की प्रक्रिया अत्यधिक डिजिटल, अचानक और बिना किसी व्यक्तिगत संवाद के पूरी की जा रही है. वैश्विक स्तर पर भी एआई और क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर में बढ़ते निवेश के बीच पारंपरिक नौकरियों पर खतरा मंडराता दिख रहा है.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 31, 2026 08:33 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

