Tripurari Purnima 2025: क्यों मनाई जाती है त्रिपुरारी पूर्णिमा? कार्तिक पूर्णिमा संबंधित यहां दिये दिव्य कोट्स अपनों को भेजकर पर्व सेलिब्रेट करें!
कार्तिक मास पूर्णिमा को ‘त्रिपुरारी पूर्णिमा’ या ‘कार्तिक पूर्णिमा’ कहते हैं. हिंदू धर्म में इस दिन को बेहद पवित्र एवं शुभ माना जाता है. शिव पुराण के अनुसार, इसी दिन भगवान शिव ने त्रिपुरासुर नामक राक्षस का संहार कर देवताओं एवं पृथ्वी वासियों को उसके अत्याचारों से मुक्ति दिलाया था. इस घटना के बाद देवताओं ने दीप जलाकर खुशियां मनायी थी, इसीलिए इस दिन को त्रिपुरारी पूर्णिमा के नाम से मनाया जाता है, इसके बाद ही देव दीपावली की परंपरा शुरू हुई.
Kartik Purnima 2025: कार्तिक मास पूर्णिमा को ‘त्रिपुरारी पूर्णिमा’ (Tripurari Purnima) या ‘कार्तिक पूर्णिमा’ कहते हैं. हिंदू धर्म में इस दिन को बेहद पवित्र एवं शुभ माना जाता है. शिव पुराण के अनुसार, इसी दिन भगवान शिव ने त्रिपुरासुर नामक राक्षस का संहार कर देवताओं एवं पृथ्वी वासियों को उसके अत्याचारों से मुक्ति दिलाया था. इस घटना के बाद देवताओं ने दीप जलाकर खुशियां मनायी थी, इसीलिए इस दिन को त्रिपुरारी पूर्णिमा के नाम से मनाया जाता है, इसके बाद ही देव दीपावली की परंपरा शुरू हुई. मान्यता है कि आज के दिन सभी देवता पृथ्वी पर अवतरित होकर गंगा स्नान करते हैं. मान्यता है कि इस दिन गंगा-स्नान और दीपदान करने से अक्षय-पुण्य प्राप्त होता है. इस दिन भगवान विष्णु और शिवजी की बेहद दुर्लभ संयुक्त पूजा भी होती है. इस वर्ष 5 नवंबर 2025, बुधवार को त्रिपुरारी पूर्णिमा मनाई जाएगी. आइये यहां दिये दिव्य कोट्स अपने शुभचिंतकों को शेयर कर इस पर्व को सेलिब्रेट करें. यह भी पढ़ें : World Tsunami Awareness Day 2025: कब है विश्व सुनामी जागरूकता दिवस? जानें इसका महत्व, इतिहास एवं दिल दहलाने वाले वे सुनामी और सबक!
- आध्यात्मिक और भक्ति उद्धरण
* ‘त्रिपुरी पूर्णिमा की पावन रात्रि पर, भगवान शिव आपके सभी दुखों का नाश करें और आपके जीवन को शांति और ज्ञान से प्रकाशित करें.’
* ‘त्रिपुरी पूर्णिमा का दिव्य प्रकाश आपके भीतर के अंधकार को धो डाले और आपकी आत्मा को आध्यात्मिक आनंद से भर दे.`
* ‘इस पावन कार्तिक पूर्णिमा पर, भगवान शिव और भगवान विष्णु का आशीर्वाद आपके जीवन में शाश्वत सद्भाव लाए.’
* ‘त्रिपुरी पूर्णिमा का पावन प्रकाश आपको सत्य, भक्ति और पवित्रता के मार्ग पर ले जाए.’
* ‘जैसे भगवान शिव ने राक्षस त्रिपुरासुर पर विजय प्राप्त की, वैसे ही आप भी अपने भीतर की नकारात्मकता पर विजय प्राप्त करें और सभी चुनौतियों से ऊपर उठें.’
शुभकामनाएं और संदेश
* ‘आपको त्रिपुरारी पूर्णिमा की हार्दिक शुभकामनाएँ! चाँदनी आपके घर में शांति, समृद्धि और खुशियाँ लाए.’
* ‘भगवान शिव की दिव्य ऊर्जा आपके जीवन की सभी बाधाओं का नाश करे. त्रिपुरी पूर्णिमा की शुभकामनाएं,’
* ‘आइए इस पावन रात्रि को आस्था, भक्ति और कृतज्ञता के साथ मनाएं. कार्तिक पूर्णिमा की शुभकामनाएं!’
* ‘त्रिपुरारी पूर्णिमा पर, आपके हृदय में भक्ति का दीप सदैव प्रज्वलित रहे.’
* ‘यह पूर्णिमा की रात आपके जीवन में नई रोशनी, नई शुरुआत और दिव्य आशीर्वाद लेकर आए. ‘
* ‘शिव शक्ति की ज्योति से जगमगाए जीवन। त्रिपुरी पूर्णिमा की शुभकामनाएं.’
* ‘पूर्णिमा की रोशनी में, हमारे हृदय उज्ज्वल हों.’
* ‘सभी को त्रिपुरारी पूर्णिमा की शुभकामनाएं — अंधकार पर प्रकाश, अहंकार पर भक्ति.’
* ‘जब भगवान शिव मुस्कुराते हैं, तो ब्रह्मांड चमक उठता है.’
* ‘चाँद की रोशनी, भक्ति और ईश्वरीय कृपा, यही त्रिपुरारी पूर्णिमा है.’
(The above story first appeared on LatestLY on Nov 04, 2025 09:03 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

