देश

Rafale Induction Ceremony: दुश्मनों की अब खैर नहीं, भारतीय वायुसेना में आज शामिल होगा राफेल लड़ाकू विमान

देश के दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए भारतीय वायुसेना (Indian Air Force) में गुरुवार (10 सितंबर) को राफेल लड़ाकू विमान (Rafale Aircraft) औपचारिक रूप से शामिल किया जाएगा. सुबह 10 बजे भारतीय वायुसेना अंबाला वायुसैनिक अड्डे (Ambala Air Base,) में विधिवत रूप से राफेल विमानों को अपने बेड़े में शामिल करेगी. ये विमान वायु सेना के 17 वें स्क्वाड्रन, "गोल्डन एरो" का हिस्सा होंगे.

Rafale Induction Ceremony: दुश्मनों की अब खैर नहीं, भारतीय वायुसेना में आज शामिल होगा राफेल लड़ाकू विमान
राफेल विमान (Photo Credits: Twitter)

नई दिल्ली: देश के दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए भारतीय वायुसेना (Indian Air Force) में गुरुवार (10 सितंबर) को राफेल लड़ाकू विमान (Rafale Aircraft) औपचारिक रूप से शामिल किया जाएगा. सुबह 10 बजे भारतीय वायुसेना अंबाला वायुसैनिक अड्डे (Ambala Air Base,) में विधिवत रूप से राफेल विमानों को अपने बेड़े में शामिल करेगी. ये विमान वायु सेना के 17 वें स्क्वाड्रन, "गोल्डन एरो" का हिस्सा होंगे.

रक्षा मंत्रालय के बताया कि केंद्रीय रक्षामंत्री राजनाथ सिंह और फ्रांस की रक्षा मंत्री फ्लोरेंस पार्ली इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि होंगें. इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में प्रमुख रक्षा अध्यक्ष (Chief of Defence Staff) जनरल बिपिन रावत, वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल आर के एस भदौरिया समेत सरकार और सशस्त्र बलों के कई वरिष्ठ अधिकारी शिरकत करने वाले है. Fact Check: सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे राफेल के विदाई का वीडियो फ्रांस का नहीं इटली का है, यहां पढ़ें खबर की पूरी सच्चाई

भारतीय वायुसेना के इतिहास में दर्ज होने वाली इस बड़ी घटना के अवसर पर फ्रांसीसी प्रतिनिधिमंडल का प्रतिनिधित्व भारत में फ्रांस के राजदूत इमैनुएल लेनिन, वायु सेना प्रमुख एरिक ऑटेलेट, फ्रांसीसी वायुसेना के उप प्रमुख भी उपस्थित रहेंगे. पांच राफेल विमानों का पहला जत्था 27 जुलाई को फ्रांस से अंबाला के वायुसैनिक अड्डे पर पहुंचा था.

फ्रांस की रक्षामंत्री फ्लोरेंस पार्ली को दिल्ली आगमन पर सम्मान स्वरूप सलामी गारद दी जाएगी. अंबाला नौसैनिक अड्डे में राफेल विमान का औपचारिक अनावरण पारंपरिक रूप से आयोजित सर्व धर्म पूजा के साथ किया जाएगा. इस मौके पर राफेल विमान हवाई करतब दिखाएंगे जिसमें तेजस विमान के साथ सारंग एयरोबेटिक टीम भी शामिल होगी.

इसके बाद में राफेल विमान को पारंपरिक तरीके से वाटर कैनन की सलामी दी जाएगी. समारोह का समापन वायुसेना के 17वें स्क्वाड्रन में राफेल विमान को विधिवत शामिल किए जाने के साथ होगा. आयोजन के बाद भारतीय और फ्रांसीसी प्रतिनिधिमंडल की द्विपक्षीय बैठक भी होगी.

(The above story first appeared on LatestLY on Sep 10, 2020 12:01 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).