NEET Row: PM मोदी हमेशा की तरह चुप हैं... राष्ट्रीय पात्रता व प्रवेश परीक्षा गड़बड़ी मामले में राहुल गांधी का प्रधानमंत्री पर वार
राहुल गांधी ने X पर किए अपने एक पोस्ट में लिखा, 'NEET परीक्षा में 24 लाख से अधिक छात्रों के भविष्य के साथ हुए खिलवाड़ पर भी नरेंद्र मोदी हमेशा की तरह मौन धारण किए हुए हैं.'
नई दिल्ली: नीट परीक्षा परिणाम (NEET-UG 2024 Result) से जुड़ा विवाद थम नहीं ले रहा है. राष्ट्रीय पात्रता व प्रवेश परीक्षा पेपर लीक मामले को लेकर विपक्ष सरकार को घेर रहा है. मंगलवार को दिल्ली के जंतर-मंतर पर आज आम आदमी पार्टी ने विरोध प्रदर्शन किया. राष्ट्रीय पात्रता व प्रवेश परीक्षा को लेकर कांग्रेस लगातार सरकार पर हमलावर है. कंग्रेस नेता राहुल गांधी ने NEET परीक्षा में हुई कथित गड़बड़ी को लेकर पीएम मोदी पर हमला बोला. Read Also: NEET Row: अगर 0.001% भी लापरवाही हुई है तो उससे निपटें, राष्ट्रीय पात्रता व प्रवेश परीक्षा मामले सुप्रीम कोर्ट सख्त.
राहुल गांधी ने X पर किए अपने एक पोस्ट में लिखा, 'NEET परीक्षा में 24 लाख से अधिक छात्रों के भविष्य के साथ हुए खिलवाड़ पर भी नरेंद्र मोदी हमेशा की तरह मौन धारण किए हुए हैं. बिहार, गुजरात और हरियाणा में हुई गिरफ्तारियों से साफ है कि परीक्षा में योजनाबद्ध तरीके से संगठित भ्रष्टाचार हुआ है और ये बीजेपी शासित राज्य पेपर लीक का एपिसेंटर बन चुके हैं.'
NEET में हुई गड़बड़ी को लेकर बरसे राहुल गांधी
NEET परीक्षा में 24 लाख से अधिक छात्रों के भविष्य के साथ हुए खिलवाड़ पर भी नरेंद्र मोदी हमेशा की तरह मौन धारण किए हुए हैं।
बिहार, गुजरात और हरियाणा में हुई गिरफ्तारियों से साफ है कि परीक्षा में योजनाबद्ध तरीके से संगठित भ्रष्टाचार हुआ है और ये भाजपा शासित राज्य पेपर लीक का…
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) June 18, 2024
कंग्रेस नेता ने आगे लिखा, 'हमारे न्यायपत्र में पेपर लीक के विरुद्ध सख्त कानून बना कर युवाओं का भविष्य सुरक्षित करने की हमने गारंटी दी थी. विपक्ष की ज़िम्मेदारी निभाते हुए हम देश भर के युवाओं की आवाज़ सड़क से संसद तक मज़बूती से उठा कर और सरकार पर दबाव डाल कर ऐसी कठोर नीतियों के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध हैं.'
सुप्रीम कोर्ट ने नीट मामले पर दिखाई सख्ती
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार, 18 जून को केंद्र सरकार और नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) से कह दिया कि अगर कोई चूक हुई है, तो उसे स्वीकार करें और अगर परीक्षा आयोजित करने में 0.001% भी लापरवाही हुई है, तो सुनिश्चित करें कि इसे पूरी गंभीरता से देखा जाए.
न्यायालय ने कहा कि छात्रों को इन परीक्षाओं की तैयारी करते समय कठोर परिश्रम करना पड़ता है. उसने कहा कि राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (स्नातक स्तर)-2024 (नीट-यूजी, 2024) से संबंधित मुकदमे को विरोधात्मक नहीं माना जाना चाहिए.
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 18, 2024 03:29 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

