प्रधानमंत्री मोदी से गले मिलकर रोने लगे ISRO चीफ के सिवन, पीएम भी हुए भावुक, पीठ थपथपाकर बढ़ाया हौंसला- Video
प्रधानमंत्री मोदी इसरो सेंटर से जाने लगे तो इसरो चीफ के सिवन भावुक होकर रोने लगे. पीएम मोदी ने गले लगाकर इसरो चीफ की पीठ थपथपाई और हौसला बढ़ाया. इस दौरान पीएम मोदी भी भावुक दिखे.
चंद्रयान-2 से वैज्ञानिकों का संपर्क टूटने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने शनिवार सुबह राष्ट्र को संबोधित किया. इसरो सेंटर से पीएम मोदी ने वैज्ञानिकों का हौसला बढ़ाया. पीएम मोदी ने इसरो के वैज्ञानिकों की तारीफ की और कहा विज्ञान कभी असफल नहीं होता है. विज्ञान में केवल प्रयोग और प्रयास होते हैं. पीएम मोदी ने कहा चंद्रयान- 2 की यात्रा शानदार रही है. पूरे मिशन ने देश को कई बार गर्व महसूस करवाया. वैज्ञानिकों को संबोधित करने के बाद जब प्रधानमंत्री मोदी इसरो सेंटर से जाने लगे तो इसरो चीफ के सिवन (K Sivan) भावुक होकर रोने लगे. पीएम मोदी ने गले लगाकर इसरो चीफ की पीठ थपथपाई और हौसला बढ़ाया. इस दौरान पीएम मोदी भी भावुक दिखे. पीएम मोदी ने इसरो चीफ को गले लगाकर हिम्मत दी. पीएम ने इसरो चीफ की पीठ थपथपाई उनकी हौंसला अफजाई की.
दरअसल उस वक्त पीएम नरेंद्र मोदी इसरो सेंटर से निकल रहे थे. ISRO चीफ के सिवन उन्हें सी ऑफ करने आए. प्रधानमंत्री मोदी को उनकी गाड़ी तक छोड़ने पहुंचे इसरो चीफ खुद को संभाल नहीं पाए. इस दौरान इसरो चीफ की आंखे नम हो गईं. पीएम मोदी ने फिर इसरो चीफ को गले लगाकर उन्हें संभाला. पीएम मोदी भी इस मौके पर भावुक हुए.
ISRO चीफ के सिवन के छलके आंसू-
#WATCH PM Narendra Modi hugged and consoled ISRO Chief K Sivan after he(Sivan) broke down. #Chandrayaan2 pic.twitter.com/bytNChtqNK
— ANI (@ANI) September 7, 2019
बता दें कि शनिवार तड़के लैंडर विक्रम से चंद्रमा के सतह से महज दो किलोमीटर पहले इसरो का संपर्क टूट गया. भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के अध्यक्ष के सिवन ने संपर्क टूटने का ऐलान करते हुए कहा कि चंद्रमा की सतह से 2.1 किमी पहले तक लैंडर का काम प्लानिंग के मुताबिक था. उन्होंने कहा कि उसके बाद उसका संपर्क टूट गया. इसरो ने एक आधिकारिक बयान में कहा, 'यह मिशन कंट्रोल सेंटर है. विक्रम लैंडर उतर रहा था और लक्ष्य से 2.1 किलोमीटर पहले तक उसका काम सामान्य था. उसके बाद लैंडर का संपर्क जमीन पर स्थित केंद्र से टूट गया. आंकड़ों का विश्लेषण किया जा रहा है.'
शनिवार सुबह अपने संबोधन में पीएम मोदी ने चंद्रयान 2 मिशन को लेकर वैज्ञानिकों की सराहना की. पीएम मोदी ने कहा कि आज भले ही कुछ रुकावटें हाथ लगी हो, लेकिन इससे हमारा हौसला कमजोर नहीं पड़ा है, बल्कि और मजबूत हुआ है. आज हमारे रास्ते में भले ही एक रुकावट आई हो, लेकिन इससे हम अपनी मंजिल के रास्ते से डिगे नहीं हैं.
पीएम मोदी ने वैज्ञानिकों की तारीफ में कहा आप मक्खन पर नहीं पत्थर पर लकीर खींचने वाले लोग हैं. पीएम मोदी ने कहा भारत की संस्कृति कभी हार न मानने वाली है. विज्ञान कभी हार नहीं मानता है. विज्ञान प्रयोग करता है. पीएम मोदी ने कहा हम असफल नहीं हुए हैं, हम निश्चित रूप से सफल होंगे. इस मिशन के अगले प्रयास में भी और इसके बाद के हर प्रयास में भी कामयाबी हमारे साथ होगी. ज्ञान का अगर सबसे बड़ा शिक्षक कोई है तो वो विज्ञान है. विज्ञान में विफलता नहीं होती, केवल प्रयोग और प्रयास होते हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 07, 2019 09:25 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

