Mamta Kulkarni Kinnar Akhara News: मर्यादा भंग करने पर किन्नर अखाड़ा ने ममता कुलकर्णी और लक्ष्मीनारायण त्रिपाठी को निकाला
Mamta Kulkarni Kinnar Akhara News: किन्नर अखाड़ा ने शुक्रवार को बॉलीवुड अभिनेत्री ममता कुलकर्णी को अखाड़े से बाहर कर दिया है.
नई दिल्ली: किन्नर अखाड़ा के संस्थापक ऋषि अजय दास ने शुक्रवार को बॉलीवुड अभिनेत्री ममता कुलकर्णी को अखाड़े से निष्कासित कर दिया. इसके साथ ही उन्होंने महामंडलेश्वर लक्ष्मीनारायण त्रिपाठी को भी अखाड़े से बाहर का रास्ता दिखा दिया. ऋषि अजय दास के अनुसार, लक्ष्मीनारायण त्रिपाठी ने उनकी जानकारी के बिना ममता कुलकर्णी को अखाड़े में शामिल कर उन्हें महामंडलेश्वर का पद दिया, जो कि अखाड़े के नियमों के खिलाफ है.
ममता कुलकर्णी, जो देशद्रोह के आरोपों में घिरी हुई हैं, को किन्नर अखाड़ा में शामिल करने का फैसला विवादों में घिर गया था. ऋषि अजय दास ने इस कदम को अखाड़ा की मर्यादा के विरुद्ध बताया और कहा कि उनकी अनुमति के बिना यह फैसला लिया गया, जो कि पूरी तरह से गलत है.
ऋषि अजय दास ने कहा, "ममता कुलकर्णी को अखाड़े में शामिल करना और उन्हें महामंडलेश्वर का पद देना एक गंभीर भूल थी. यह अखाड़ा की परंपराओं और नियमों के खिलाफ है. लक्ष्मीनारायण त्रिपाठी ने यह फैसला बिना मेरी जानकारी के लिया, जिसके कारण उन्हें भी अखाड़े से निष्कासित किया गया है."
Rishi Ajay Das, founder of Kinnar Akhara, expels Mamta Kulkarni from the Akhara. He has also expelled Mahamandaleshwar Laxminarayan Tripathi from the Kinnar Akhara for inducting Mamta Kulkarni, who is accused of treason, to the Akhara and designating her as Mahamandaleshwar… pic.twitter.com/Hhzezst49r
— ANI (@ANI) January 31, 2025
ममता कुलकर्णी, जो 90 के दशक की मशहूर अभिनेत्री रही हैं, पिछले कुछ सालों से विवादों में घिरी हुई हैं. उन पर ड्रग्स तस्करी और देशद्रोह जैसे गंभीर आरोप लगे हैं. उन्हें किन्नर अखाड़ा में शामिल करने का फैसला सोशल मीडिया पर भी खूब चर्चा का विषय बना था.
किन्नर अखाड़ा, जो कि भारत के प्रमुख अखाड़ों में से एक है, ने इस मामले में सख्त रुख अपनाया है. ऋषि अजय दास ने स्पष्ट किया कि अखाड़ा की गरिमा और परंपराओं को बनाए रखना उनकी पहली प्राथमिकता है और कोई भी ऐसा कदम जो इसे खतरे में डाले, बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
इस निष्कासन के बाद अब किन्नर अखाड़ा में नए सिरे से अनुशासन स्थापित करने की कोशिश की जा रही है. ऋषि अजय दास ने कहा कि भविष्य में ऐसी कोई भी गलती नहीं होने दी जाएगी और अखाड़ा की मर्यादा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 31, 2025 01:26 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

