VIDEO: किसानों ने मुहावजे को लेकर किया धरना प्रदर्शन, सैकड़ो किसान आगरा के ताज एक्सप्रेसवे पर बैठे, वीडियो आया सामने
आगरा के एत्मादपुर क्षेत्र में 14 गांवों का आगरा विकास प्राधिकरण ने अधिग्रहण किया था. लेकिन आज तक इसक मुहावजा नहीं दिया. इसी मूद्दे को लेकर रविवार के बाद सोमवार को भी किसानों ने इनर रिंग रोड पर पहुंचकर प्रदर्शन किया.
आगरा, उत्तर प्रदेश: आगरा के एत्मादपुर क्षेत्र में 14 गांवों का आगरा विकास प्राधिकरण ने अधिग्रहण किया था. लेकिन आज तक इसका मुहावजा नहीं दिया. इसी मूद्दे को लेकर रविवार के बाद सोमवार को भी किसानों ने इनर रिंग रोड पर पहुंचकर प्रदर्शन किया. बताया जा रहा है की कई सालों से न तो इन्हें मुहावजा दिया गया है और नाही इन्हें इनकी जमीन वापस मिली है. जिसके कारण सोमवार को किसानों के साथ साथ महिलाओं ने भी रिंग रोड जाम कर दिया और सड़क पर ही प्रदर्शन किया.
इस दौरान बड़ी तादाद में पुलिस भी मौजूद रही और इन्हें जबरन यहां से हटाने का प्रयास भी किया गया.किसान केवल एक ही मांग कर रहे हैं कि उन्हें उनकी जमीन दी जाए या उसका मुआवजा दिया जाए. किसानों द्वारा एक लेन को बंद करने के चलते कई किलोमीटर तक जाम के हालात हो गए. जिसके चलते पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी. इस वीडियो को सोशल मीडिया एक्स पर @graminindiannew नाम के हैंडल से शेयर किया गया है. ये भी पढ़े:राकेश टिकैत पहुंचे, महापंचायत शुरू, बोले- तीनों प्राधिकरण किसानों से करें बात
आगरा में किसानों का धरना प्रदर्शन
#Agra-जमीन अधिग्रहण का मुआवजा न मिलने पर किसानों का प्रदर्शन,किसानों ने दूसरी साइड इनर रिंग रोड को भी जाम करने का किया प्रयास,किसान बीच रोड पर लेटे,पुलिस ने किसानों को बल पूर्वक हटाने का किया प्रयास,किसान अधिग्रहण हुई जमीन को बापिस लेने के लिए कर रहे है उग्र प्रदर्शन।@UPGovt pic.twitter.com/xaevYkf4S7
— ग्रामीण इंडियन न्यूज टीवी चैनल (@graminindiannew) December 30, 2024
किसानों ने जमीनों पर कब्ज़ा करने का लगाया आरोप
एत्मादपुर तहसील के रहन कलां व रायपुर मौजा से प्रभावित गांव के लोगों का आरोप है कि विकास प्राधिकरण ने उनके खेतों पर जबरन अवैध कब्ज़ा किया हुआ है. पिछले 15 सालों से विकास प्राधिकरण द्वारा यह कब्ज़ा किया गया है. विकास प्राधिकरण ने 2009 में किसानों की 44 हजार हेक्टेयर जमीन को अधिग्रहित किया था. लेकिन, आज तक एडीए ने न ही ली हुई जमीन का मुआवजा दिया और न ही जमीन वापस की. यही नहीं, इसके लिए उन्होंने कई बार आंदोलन और धरना प्रदर्शन किए हैं, लेकिन प्रशासन ने ध्यान नहीं दिया.
बिना किसी सुलह के जमीन प्राधिकरण के नाम की
किसानों का आरोप है कि 2024 में विकास प्राधिकरण ने बगैर किसी सुलह के किसानों की जमीन को विकास प्राधिकरण के नाम कर दिया. किसानों ने अब साफ कर दिया है कि या तो हमें मुआवजा मिलेगा या फिर हम यूं ही धरना देते रहेंगे. किसानों ने आगरा-लखनऊ यमुना एक्सप्रेसवे के एक साइड को बंद कर दिया है. किसानों के साथ-साथ महिलाएं भी बढ़-चढ़कर धरने पर बैठी हुईं हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 30, 2024 04:53 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

