EPF पर 8.25% ब्याज सिर्फ एक्टिव खातों पर, नौकरी बदलते ही ट्रांसफर करें अकाउंट वरना नहीं मिलेगा फायदा
ईपीएफ पर 8.25% ब्याज का लाभ सिर्फ एक्टिव खातों को मिलेगा, 36 महीने इनएक्टिव रहने पर ब्याज बंद हो जाएगा.
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने वित्त वर्ष 2024-25 (FY25) के लिए ईपीएफ की ब्याज दर 8.25% प्रतिवर्ष तय की है. यह ब्याज हर महीने खाते की क्लोज़िंग बैलेंस पर कैलकुलेट किया जाएगा और साल में एक बार लाभार्थियों के बैंक खातों में ट्रांसफर किया जाएगा. हालांकि, इस सुविधा का लाभ तभी मिलेगा जब आपका खाता एक्टिव (Active) रहेगा.
36 महीने इनएक्टिव रहने पर बंद होगा ब्याज
ईपीएफओ के नियमों के मुताबिक, अगर किसी ईपीएफ खाते में लगातार 36 महीने तक कोई लेन-देन यानी न तो जमा हुआ और न ही निकासी हुई, तो वह खाता इनएक्टिव (Inactive) माना जाएगा. ऐसे मामलों में खाते पर ब्याज मिलना बंद हो जाता है. ध्यान देने वाली बात यह है, कि खाते में समय-समय पर जुड़ने वाला ब्याज, लेन-देन नहीं माना जाता है.
रिटायरमेंट के बाद खाते का नियम
ईपीएफओ के अनुसार, 55 साल की उम्र में रिटायरमेंट के बाद ईपीएफ खाता केवल 3 साल तक ही एक्टिव रहता है. जैसे ही व्यक्ति 58 साल की उम्र पूरी करता है, उसका खाता अपने-आप इनएक्टिव हो जाता है और उस पर ब्याज मिलना बंद हो जाता है. इसलिए अगर आप नौकरी कर रहे हैं, तो अपना ईपीएफ खाता नई नौकरी में ट्रांसफर करना ज़रूरी है, वहीं अगर आप नौकरी छोड़ चुके हैं तो समय पर ईपीएफ की राशि विदड्रॉ (Withdraw) कर लेना ही समझदारी भरा कदम है.
ईपीएफओ का सोशल मीडिया अलर्ट
ईपीएफओ ने 27 अगस्त 2025 को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (Twitter) पर लोगों को जागरूक करते हुए कहा कि अगर कोई ईपीएफ खाता लगातार 36 महीने तक न तो ट्रांसफर किया गया हो और न ही उसमें से विदड्रॉ किया गया हो, तो वह खाता इनऑपरेटिव हो जाता है. ऐसे खातों पर ब्याज मिलना बंद हो जाता है.
इसलिए, अगर आप नौकरी कर रहे हैं, तो अपना ईपीएफ खाता नई नौकरी में ज़रूर ट्रांसफर करें, और अगर आप नौकरी छोड़ चुके हैं तो समय पर ईपीएफ की राशि विदड्रॉ कर लेना सबसे सही विकल्प है.
लॉन्च के लिए तैयार ईपीएफओ 3.0
ईपीएफओ जल्द ही अपना नया और आधुनिक प्लेटफॉर्म ईपीएफओ 3.0 लॉन्च करने जा रहा है. यह प्लेटफॉर्म जून 2025 में शुरू होना था, लेकिन तकनीकी परीक्षण (Technical Testing) की वजह से इसमें थोड़ी देरी हो गई. नए सिस्टम के आने से क्लेम प्रोसेसिंग पहले से ज्यादा तेज़ और आसान हो जाएगी.
साथ ही, इस नए प्लेटफॉर्म में कई डिजिटल सुविधाएँ शामिल की जाएंगी, जिनमें सबसे अहम सुविधा होगी कि सदस्य यूपीआई (UPI) के ज़रिए सीधे अपना ईपीएफ विदड्रॉ कर सकेंगे.
इन कंपनियों को मिला जिम्मा
12 अगस्त 2025 को जारी एक सर्कुलर में ईपीएफओ ने जानकारी दी कि उसने अपने नए प्रोजेक्ट के लिए देश की तीन बड़ी आईटी कंपनियों टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS), इन्फोसिस (Infosys) और विप्रो (Wipro) को शॉर्टलिस्ट किया है. इन कंपनियों ने प्री-क्वालिफिकेशन मानदंड (Pre-Qualification Criteria) पूरे कर लिए हैं, और अब इन्हें अगले चरण की बिडिंग (Bidding) प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा.
फिलहाल ईपीएफ पर 8.25% ब्याज मिल रहा है, लेकिन यह सुविधा केवल एक्टिव खातों पर ही लागू होगी. इसलिए, अगर आप नौकरी बदलते हैं तो अपना खाता नई नौकरी में ट्रांसफर करना बेहद ज़रूरी है. वहीं, आने वाला ईपीएफओ 3.0 प्लेटफॉर्म नई डिजिटल सुविधाओं के साथ आएगा, जिससे ईपीएफ से जुड़ी सेवाएँ पहले से कहीं ज्यादा आसान और तेज़ हो जाएंगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 08, 2025 10:32 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

