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Ashok Kharat Sex Scandal: अशोक खरात मामले में महाराष्ट्र सरकार पर भड़के राज ठाकरे, सीएम फडणवीस को घेरा, प्रकरण में कड़ी कार्रवाई की मांग की

मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने नासिक के कथित भोंदू बाबा अशोक खरात मामले में राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने इसे महाराष्ट्र की संत परंपरा का अपमान बताते हुए मुख्यमंत्री से 'धोबीपछाड राजनीति' छोड़कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है.

Ashok Kharat Sex Scandal:  अशोक खरात मामले में महाराष्ट्र सरकार पर भड़के राज ठाकरे, सीएम फडणवीस को घेरा, प्रकरण में कड़ी कार्रवाई की मांग की
(Photo Credits FB)

Raj Thackeray on Ashok Kharat Sex Scandal: महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के अध्यक्ष राज ठाकरे ने नाशिक के बहुचर्चित अशोक खरात मामले को लेकर राज्य की मौजूदा राजनीति और प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं. 23 मार्च 2026 को किए गए अपने विस्तृत सोशल मीडिया पोस्ट में राज ठाकरे ने इस मामले के घिनौने विवरणों पर गहरा दुख व्यक्त किया. उन्होंने आरोप लगाया कि अशोक खरात जैसे "नीच" व्यक्ति राजनेताओं के आशीर्वाद से ही समाज में इस तरह का "धुमाकूळ" (आतंक) मचाने में सफल रहे हैं.

"संतों की भूमि पर यह अधःपतन दुखद"

राज ठाकरे ने अपनी पोस्ट में महाराष्ट्र की समृद्ध सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत का जिक्र किया. उन्होंने कहा कि जिस महाराष्ट्र को संत ज्ञानेश्वर, संत तुकाराम और संत गाडगे बाबा जैसे महापुरुषों ने वैचारिक रूप से सींचा, वहां अशोक खरात जैसे व्यक्ति का पनपना शर्मनाक है. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जहां कभी यशवंतराव चव्हाण और तर्कतीर्थ लक्ष्मणशास्त्री जोशी जैसे विद्वानों के बीच संवाद होता था, वहां आज के नेता किसी 'अजब तीर्थ' के लालच में ऐसे ढोंगी बाबाओं के भजनी लग गए हैं.  यह भी पढ़े:  Ashok Kharat Scandal: ढोंगी बाबा अशोक खरात की एक और घिनौनी करतूत CCTV में कैद, मां के सामने बच्ची से दुर्व्यवहार का नया VIDEO आया सामने

राज ठाकरे का पोस्ट

"अंधश्रद्धा निर्मूलन कानून का विरोधाभास"

राज ठाकरे ने दिसंबर 2013 में महाराष्ट्र विधानसभा में पारित 'अंधश्रद्धा निर्मूलन विधेयक' की याद दिलाई. उन्होंने हैरानी जताई कि जिन विधायकों ने इस कानून को पारित किया था, आज उनमें से ही कई लोगों के नाम इस मामले में संदिग्धों के तौर पर सामने आ रहे हैं. उन्होंने इसे महाराष्ट्र के राजनीतिक पतन का सबसे बड़ा उदाहरण बताया और सवाल किया कि सत्ता की भूख में लोग इतने अंधे कैसे हो सकते हैं कि महिलाओं के शोषण को भी नजरअंदाज कर दें.

"धोबीपछाड राजनीति बंद करें मुख्यमंत्री"

राज्य के गृहमंत्री और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के उस बयान पर भी राज ठाकरे ने निशाना साधा, जिसमें फडणवीस ने कहा था कि इस मामले को सरकार ने ही उजागर किया है. राज ठाकरे ने पूछा, "अगर यह सब आपके घटक दलों के नेताओं के संरक्षण में हो रहा था, तो आपको इसका सुगावा पहले क्यों नहीं लगा?" उन्होंने आशंका जताई कि इस केस का इस्तेमाल केवल राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों के "पंख छांटने" के लिए किया जा रहा है और जैसे ही समझौता होगा, मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया जाएगा.

"माध्यमों और जनता से अपील"

राज ठाकरे ने मीडिया से अनुरोध किया है कि वे इस "धोबीपछाड राजनीति" का हिस्सा न बनें और खरात जैसे सभी ढोंगियों का पर्दाफाश करें. उन्होंने जनता को भी चेतावनी दी कि अगर वे ऐसे स्वार्थी और ढोंगी नेताओं को चुनते रहेंगे, तो महाराष्ट्र का भविष्य अंधकारमय होगा.

 क्या है अशोक खरात मामला?

बता दें कि नाशिक के स्वयंभू ज्योतिषी और 'कैप्टन' के नाम से मशहूर अशोक खरात को हाल ही में एक महिला के यौन शोषण और ब्लैक मेलिंग के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. पुलिस को जांच में खरात के पास से 100 से अधिक आपत्तिजनक वीडियो और करोड़ों की बेनामी संपत्ति के दस्तावेज मिले हैं. इस मामले में सत्ताधारी दल के कई बड़े नेताओं के साथ खरात की तस्वीरें और वीडियो वायरल होने के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में भूचाल आया हुआ है.

(The above story first appeared on LatestLY on Mar 23, 2026 03:06 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).