Silver Rate Today, March 17, 2026: उतार चढाव के बीच चांदी की कीमतों में स्थिरता, जानें दिल्ली, मुंबई और चेन्नई सहित प्रमुख शहरों में आज के ताजा रेट
भारतीय बाजारों में 17 मार्च 2026 को चांदी की कीमतों में स्थिरता देखी गई है. वैश्विक संकेतों और डॉलर की मजबूती के बीच दिल्ली, मुंबई और चेन्नई जैसे प्रमुख शहरों में ताजा रेट्स और बाजार के रुझानों का विस्तृत विवरण यहाँ पढ़ें.
Silver Rate Today, March 17, 2026: भारतीय सर्राफा बाजार में मंगलवार, 17 मार्च 2026 को चांदी की कीमतों में एक ठहराव देखा गया है. पिछले कुछ दिनों की भारी अस्थिरता के बाद अब कीमतें अपने मासिक उच्च स्तर से नीचे आकर स्थिर होती दिख रही हैं. 'गुड रिटर्न्स' के ताजा आंकड़ों के अनुसार, आज चांदी 2,69,900 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार कर रही है, जो पिछले बंद भाव के मुकाबले 100 रुपये की मामूली गिरावट है.
इस सप्ताह की शुरुआत में कीमतों में लगभग 5,000 रुपये की बड़ी गिरावट दर्ज की गई थी. अमेरिकी डॉलर में आई मजबूती और वैश्विक निवेशकों के बदलते रुख के कारण बाजार में यह सुधार देखा गया है.
प्रमुख शहरों में चांदी के दाम (17 मार्च 2026)
भारत में क्षेत्रीय करों (Taxes), परिवहन लागत और स्थानीय मांग के कारण विभिन्न शहरों में चांदी की कीमतें अलग-अलग होती हैं. दक्षिण भारतीय शहरों जैसे चेन्नई और हैदराबाद में उत्तर भारत के मुकाबले कीमतें कुछ अधिक बनी हुई हैं.
| शहर | चांदी की कीमत (प्रति किलोग्राम) |
| दिल्ली | 2,69,900 रुपये |
| मुंबई | 2,69,900 रुपये |
| चेन्नई | 2,75,900 रुपये |
| हैदराबाद | 2,75,900 रुपये |
| बेंगलुरु | 2,69,900 रुपये |
| अहमदाबाद | 2,69,900 रुपये |
| कोलकाता | 2,69,900 रुपये |
| केरल | 2,75,900 रुपये |
बाजार पर असर डालने वाले मुख्य कारक
चांदी की कीमतों में मौजूदा सीमित बढ़त का मुख्य कारण 'यूएस डॉलर इंडेक्स' की मजबूती है. जब डॉलर मजबूत होता है, तो अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के लिए चांदी महंगी हो जाती है, जिससे बड़े व्यापारियों द्वारा 'मुनाफावसूली' (Profit Booking) की जाती है.
इसके अलावा, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों ने मुद्रास्फीति (Inflation) की चिंताओं को बढ़ा दिया है. हालांकि, मध्य पूर्व में जारी भू-राजनीतिक तनाव के कारण कीमतों को एक 'सपोर्ट' भी मिल रहा है. सुरक्षित निवेश के विकल्प के रूप में अस्थिरता के समय निवेशक चांदी की ओर रुख करते हैं, जिससे कीमतों में बड़ी गिरावट रुक जाती है.
औद्योगिक मांग और 2026 का आउटलुक
सोने के विपरीत, चांदी की कीमत इसकी औद्योगिक उपयोगिता पर भी काफी निर्भर करती है. बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि इलेक्ट्रिक वाहन (EV) बैटरी, सौर पैनल और 5G तकनीक में चांदी के बढ़ते उपयोग के कारण 2026 में इसकी मांग आपूर्ति से अधिक बनी रहेगी.
गौरतलब है कि 2,69,900 रुपये का मौजूदा स्तर मार्च 2026 का अब तक का सबसे निचला स्तर है. महीने की शुरुआत (2 मार्च) में यह 3,15,000 रुपये प्रति किलो के उच्च स्तर पर थी. अपने उच्च स्तर से लगभग 8.5 प्रतिशत की इस गिरावट ने खुदरा खरीदारों और औद्योगिक घरानों को आगामी त्योहारी सीजन से पहले खरीदारी के लिए प्रोत्साहित किया है.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 17, 2026 09:26 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

