कुपोषण के लिए 'बदनाम' झारखंड में बदलाव की मिसाल बनकर उभरीं राजाबासा गांव की महिलाएं
राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण के आंकड़े बोलते हैं कि झारखंड में 45.39 प्रतिशत बच्चे कुपोषित हैं और तकरीबन 55 महिलाएं खून की कमी यानी एनीमिया से ग्रसित. वजह साफ है कि इन्हें पौष्टिक आहार नहीं मिलता, जिससे शरीर की प्रोटीन, विटामिन, काबोर्हाइड्रेट, आयरन, वसा आदि की जरूरतें पूरी हो सकें.