विदेश की खबरें | अमेरिका ने रूस के मीडिया कारोबारी पर साइबर अपराध का आरोप लगाया

न्याय विभाग ने कहा है कि रूसी नागरिकों की अवैध संपत्तियों का पता लगाने के अभियान में तेजी आई है। वहीं, अमेरिकी अभियोजक यूक्रेन में युद्ध अपराध को लेकर रूस के खिलाफ सबूत जुटाने में यूरोप के अपने समकक्षों की मदद कर रहे हैं। संघीय जांच ब्यूरो (एफबीआई) और न्याय विभाग के अधिकारियों ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की दो बेटियों के खिलाफ पाबंदी लगाने की भी घोषणा की है।

डिप्टी अटॉर्नी जनरल लिसा मोनेको ने कहा, ‘‘हमारी नजर तमाम संपत्ति और जेट पर है। हम अवैध धन से अर्जित अचल संपत्ति पर भी नजर रख रहे हैं। हर बिटकॉइन वॉलेट और अन्य अपराधों की भी निगरानी की जा रही है।’’

मोनेको ने कहा, ‘‘दुनिया में अपने भागीदारों के साथ तालमेल से लगाए गए प्रतिबंध से हमारा लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि रूसी कुलीन वर्गों और साइबर अपराधियों को सुरक्षित ठिकाने नहीं मिले।’’

यूक्रेन पर रूस के हमले के बाद रूस के कुलीन वर्ग के किसी शख्स को पहली बार दोषारोपित किया है। मीडिया कारोबारी और ‘टीसरगर्द टीवी’ चैनल के संस्थापक कॉन्स्टेंटिन मालोफेयेव के खिलाफ कोषागार विभाग के प्रतिबंधों से बचने की कोशिश करने का आरोप लगाया गया है। मालोफेयेव पर क्रीमिया में अलगाववाद को बढ़ावा देने के लिए रूस को वित्तपोषण करने का आरोप है।

प्रतिबंध के तहत अमेरिकी नागरिकों को उनके साथ काम करने या व्यापार करने से रोक दिया गया है।

‘सीएनबीसी’ और ‘फॉक्स न्यूज’ के एक पूर्व कर्मचारी को पिछले महीने लंदन में मालोफेयेव के टेलीविजन निर्माता के रूप में काम करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।

न्याय विभाग ने यह भी घोषणा की कि उसने एक ‘बॉटनेट’ को नाकाम कर दिया है। बॉटनेट का आशय कंप्यूटर में दुर्भावनापूर्ण गतिविधि के लिए सेंधमारी करने से है। एफबीआई के निदेशक क्रिस्टोफर रे ने कहा कि बॉटनेट से कोई नुकसान होता इससे पहले ही इसे नाकाम कर दिया गया।

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