गुवाहाटी, 19 जुलाई असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने बुधवार को कहा कि संवैधानिक तौर पर अपनाया गया नाम ‘इंडिया’ “औपनिवेशिक विरासत से लिया गया” था।
विपक्षी गठबंधन के संक्षिप्त नाम - ‘इंडिया’ पर उनकी टिप्पणी को लेकर कांग्रेस द्वारा हमला किए जाने के बाद भाजपा के वरिष्ठ नेता शर्मा ने एक ट्वीट में यह बात कही।
शर्मा ने एक ट्वीट में कहा, “संवैधानिक रूप से अपनाया गया नाम- इंडिया, औपनिवेशिक विरासत से लिया गया था और ऐसी कई विरासतों की तरह आज भी लागू है, लेकिन भारत और इंडिया के बीच सभ्यतागत संघर्ष केवल नामों के चयन से कहीं अधिक गहरा है। भारत को जीतना ही होगा, भारत जीतेगा।”
कुल मिलाकर 26 राजनीतिक दलों ने एक गठबंधन बनाया है और इसे ‘इंडिया’ नाम देने का फैसला किया है, जो ‘इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इन्क्लूसिव अलायंस’ का संक्षिप्त रूप है। इस गठबंधन का मकसद 2024 के लोकसभा चुनावों में एकजुट होकर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) से मुकाबला करना है।
विपक्षी गठबंधन के नाम की घोषणा के बाद शर्मा ने ट्वीट कर कहा था कि अंग्रेजों ने हमारे देश का नाम इंडिया रखा और हमें ‘‘औपनिवेशिक विरासतों’’ से मुक्त करने का प्रयास करना चाहिए।
इससे पहले दिन में, कांग्रेस ने “औपनिवेशिक” नाम चुनने के लिए विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ की आलोचना करने को लेकर शर्मा पर पलटवार किया।
कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने बुधवार को ट्वीट किया, "क्या असम के मुख्यमंत्री को अंगूर खट्टे होने का अहसास हो रहा है? उनके नए गुरु मोदी जी ने हमें स्किल इंडिया, स्टार्ट-अप इंडिया और डिजिटल इंडिया जैसे नाम दिए। उन्होंने विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों से 'टीम इंडिया' के रूप में मिलकर काम करने को कहा है। उन्होंने वोट फॉर इंडिया की अपील भी की!"
राजग की क्षेत्रीय शाखा पूर्वोत्तर लोकतांत्रिक गठबंधन (एनईडीए) के संयोजक शर्मा ने ट्वीट किया, ‘‘मैंने भारत पर एक ट्वीट किया और कांग्रेस को स्टार्ट अप इंडिया, स्किल इंडिया और डिजिटल इंडिया की बड़ी सफलता याद आ गई।’’
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