विदेश की खबरें | पाकिस्तान में सांसद की गिरफ्तारी से पहले स्पीकर की मंजूरी अनिवार्य
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

इस्लामाबाद, 20 अक्टूबर पाकिस्तान की संसद ने बृहस्पतिवार को नियमों में संशोधन करके किसी भी सांसद की गिरफ्तारी से पहले स्पीकर की मंजूरी को अनिवार्य कर दिया है।

संसद के निचले सदन, नेशनल एसेम्बली ने ‘नियमों एवं कामकाज की नियमावली, 2007’ में संशोधन को मंजूरी दी।

नेशनल एसेम्बली ने ट्विटर पर अपना एजेंडा साझा करते हुए लिखा कि नियम 103 के तहत पहले सांसद की गिरफ्तारी के तत्काल बाद उसकी सूचना स्पीकर को देनी होती थी, लेकिन अब उसके स्थान पर निम्न प्रस्ताव रखा गया है...

नये प्रस्ताव में किसी भी सांसद की आपराधिक मामले में गिरफ्तारी से पहले स्पीकर की अनुमति लेना अनिवार्य होगा और स्पीकर को सूचित करना होगा कि उक्त सांसद पर क्या आरोप हैं और उन्हें क्यों गिरफ्तार किया जा रहा है।

वहीं, नियम 106 में संशोधन के बाद प्रस्ताव रखा गया है कि ‘‘किसी भी सदस्य को संसद/विधानसभा भवन परिसर से गिरफ्तार नहीं किया जाएगा।’’

डॉन अखबार की खबर के अनुसार, पाकिस्तान मुस्लिम लीग नवाज के सांसद मुर्तजा अब्बासी ने संशोधन प्रस्ताव सदन में पेश किया था।

वहीं, रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने प्रस्ताव रखा कि संशोधन करके यह स्पीकर या समिति के चेयरमैन (अध्यक्ष/सभापति) के लिए अनिवार्य किया जाना चाहिए कि वे हिरासत में लिए गए या गिरफ्तार किए गए सांसद के लिए पेशी आदेश जारी करें।

डॉन के अनुसार, नेशनल एसेम्बली में तीनों संशोधन पारित हो गए।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)