जरुरी जानकारी | सौर ऊर्जा डेवलपरों की सौर उपकरणों पर बेसिक सीमाशुल्क को टालने की मांग

नयी दिल्ली, 28 अगस्त सौर ऊर्जा क्षेत्र के डेवलपरों के संगठन एसपीडीए ने सोलर सेल और मॉड्यूल पर आधारभूत सीमाशुल्क लगाने को फिलहाल टालने की शुक्रवार को मांग की।

सोलर पावर डेवलपर्स एसोसिएशन (एसपीडीए) ने कहा कि सौर उपकरणों पर आधारभूत सीमाशुल्क लगाने से 2022 तक 1,00,000 मेगावाट सौर ऊर्जा के लक्ष्य को पाने की गति धीमी होगी।

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जून में बिजली मंत्री आर. के. सिंह ने सोलर सेल, मॉड्यूल और इनवर्टर पर अगस्त से आधारभूत सीमाशुल्क लगाने के संकेत दिए थे। ताकि अन्य देशों से ऐसे उत्पादों की डंपिंग को रोका जा सके और घरेलू उद्योग को संबल दिया जा सके।

एसपीडीए देश में नए उभर रहे सौर ऊर्जा उद्योग और डेवलपरों का राष्ट्रीय संघ है। एसपीडीए ने एक बयान में कहा सरकार को अपने इस निर्णय पर दोबारा विचार करना चाहिए।

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संघ के महानिदेशक शेखर दत्त ने कहा कि आधारभूत सीमाशुल्क लगाने से 2022 तक 1,00,000 मेगावाट सौर ऊर्जा के लक्ष्य को पाना मुश्किल होगा।

संघ ने इस शुल्क को 18 महीने टालने की मांग की है।

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