जरुरी जानकारी | सैट ने आरआईएल की अपील खारिज की, सेबी के 447 करोड़ रुपये लौटाने के आदेश को न्यायसंगत बताया

नयी दिल्ली, पांच नवंबर प्रतिभूति अपीलीय न्यायाधिकरण (सैट) ने भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) के 2017 के एक आदेश को चुनौती देने वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज की अपील को खारिज कर दिया है। न्यायाधिकरण ने कहा कि नियामक का 447 करोड़ रुपये लौटाने का आदेश ‘कड़ी या दंडात्मक कार्रवाई’ नहीं है, बल्कि यह एक न्यायोचित समाधान है।

सेबी का 24 मार्च, 2017 को जारी आदेश रिलायंस इंडस्ट्रीज द्वारा नवंबर, 2007 में रिलायंस पेट्रोलियम लि. (आरपीएल) के शेयरों की बिक्री से संबंधित है।

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सैट ने बृहस्पतिवार को 2:1 के बहुमत से 204 पृष्ठ का आदेश जारी किया। सैट ने आदेश में कहा है कि 447.27 करोड़ रुपये की राशि ब्याज के साथ लौटाने का सेबी का निर्देश कड़ा नहीं है। यह सिर्फ एक ‘उपचारात्मक कार्रवाई’ है। दो सदस्यों सी के जी नायर और एम टी जोशी ने बहुमत से पारित आदेश में कहा, ‘‘अपील दायर करने वाली कंपनी के कोष और संपत्ति से कुछ नहीं लिया जा रहा है। चूंकि, यह एक न्यायसंगत समाधान है, ऐसे में इसके सख्त और दंडात्मक होने का सवाल नहीं उठता।

इस बीच, रिलायंस इंडस्ट्रीज ने कहा है कि वह न्यायाधिकरण के फैसले को उच्चतम न्यायालय में चुनौती देगी। कंपनी ने शेयर बाजारों को भेजी सूचना में कहा कि कंपनी द्वारा किए गए सभी सौदे सही थे। इन सौदों में किसी तरह की अनियमितता नहीं हुई।’’

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कंपनी ने यह भी कहा कि उसने नवंबर, 2007 के दौरान आरपीएल के शेयरों की बिक्री में किसी कानून या नियमन का उल्लंघन नहीं किया था। न्यायाधिकरण ने अपना फैसला छह फरवरी, 2020 को सुरक्षित रखा था। बृहस्पतिवार को इस पर अंतिम निर्णय सुनाया गया। यह फैसला 2:1 के बहुमत से दिया गया है। हालांकि, सैट के पीठासीन अधिकारी न्यायमूर्ति तरुण अग्रवाल ने सेबी के आदेश को रद्द करने के पक्ष में मत दिया।

अजय

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