नयी दिल्ली, चार सितंबर उप राष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने बच्चों के लिए घर पर उचित पोषण और सकारात्मक एवं अपनेपन के माहौल की जरूरत पर जोर देते हुए शुक्रवार को कहा कि आरंभिक वर्षों में बेहतर बुनियाद पड़ने से अगली पीढ़ी को जीवन के सफर में अच्छी शुरुआत मिलती है।
उन्होंने कहा कि सेहतमंद विकास के लिए बच्चों को ऐसे माहौल में बड़े होने का मौका मिलना चाहिए जहां का वातावरण भावनात्मक, सामाजिक, शैक्षणिक और दूसरी जरूरतों को पूरा करने वाला हो।
‘द स्टेट ऑफ यंग चाइल्ड इन इंडिया’ नामक एक रिपोर्ट को जारी किए जाने के मौके पर उप राष्ट्रपति ने यह टिप्पणी की।
उन्होंने कहा कि जीवन के शुरुआती वर्षों में अच्छी बुनियाद के साथ शिक्षित एवं स्वस्थ लोग अपने समाज में वित्तीय एवं सामाजिक पूंजी में योगदान देते हैं।
नायडू ने कहा, ‘‘हमें राष्ट्रीय विकास के इस पहलू के निर्णायक महत्व को समझने और हर बच्चे के जीवन की सेहतमंद शुरुआत सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाने की जरूरत है।’’
इस रिपोर्ट का हवाला देते हुए उप राष्ट्रपति ने कहा कि छह साल से कम उम्र के 15.9 करोड़ बच्चों में से एक 21 प्रतिशत बच्चे अल्पपोषित हैं, तथा 38 प्रतिशत बच्चे कम वजन के हैं।
उन्होंने कहा कि ये आंकड़े इस बात को दर्शाते हैं कि आगे के जीवन को संवारने के लिए बचपन में निवेश करना कितना जरूरी है।
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