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AIMIM अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने BJP पर लगाए गंभीर आरोप, कहा- पुलिस ने निर्दोषों के खिलाफ मामला दर्ज किया; बीजेपी सरकार सुरक्षा सुनिश्चित करने में नाकाम

हैदराबाद से लोकसभा सदस्य ओवैसी ने कहा, "अगर आप इस तरह की घटनाओं पर पिछली जांच रिपोर्टों को देखे, तो यह लिखा गया था कि यदि राज्य चाहेगा तो हिंसा होगी और यदि राज्य नहीं चाहता है तो हिंसा कभी नहीं होगी. इसलिए, राज्य सरकार कानून व्यवस्था कायम रखने में नाकाम रही.’’

AIMIM अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने BJP पर लगाए गंभीर आरोप, कहा- पुलिस ने निर्दोषों के खिलाफ मामला दर्ज किया; बीजेपी सरकार सुरक्षा सुनिश्चित करने में नाकाम
एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी (Photo Credits ANI)

अहमदाबाद: ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहाद-उल मुस्लिमीन (AIMIM) के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी (Asaduddin Owaisi) ने बृहस्पतिवार को आरोप लगाया कि खंभात शहर में रामनवमी (Ram Navami) के जुलूस पर कथित हमले को लेकर गुजरात पुलिस (Gujarat Police) ने जिन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है, वे निर्दोष हैं और घटना के वक्त वे नमाज (Namaz) अदा कर रहे थे. रामनवमी के जुलूस के दौरान 10 मार्च को विवाद के बाद हिम्मतनगर तथा खंभात शहरों में हुई सांप्रदायिक झड़पों का जिक्र करते हुए ओवैसी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) नीत राज्य सरकार (State Government) कानून व्यवस्था (Law and Order) बनाए रखने में नाकाम रही है.

ओवैसी ने यहां संवाददाताओं से कहा, "गुजरात एआईएमआईएम की एक टीम ने हिंसा के बाद खंभात शहर का दौरा किया था. उन्हें पता चला कि जिन लोगों पर पुलिस ने मामला दर्ज किया था वे घटना के समय नमाज अदा कर रहे थे. और यह राज्य सरकार की जिम्मेदारी थी कि जुलूस शांतिपूर्ण तरीके से गुजरे."

हैदराबाद से लोकसभा सदस्य ओवैसी ने कहा, "अगर आप इस तरह की घटनाओं पर पिछली जांच रिपोर्टों को देखे, तो यह लिखा गया था कि यदि राज्य चाहेगा तो हिंसा होगी और यदि राज्य नहीं चाहता है तो हिंसा कभी नहीं होगी. इसलिए, राज्य सरकार कानून व्यवस्था कायम रखने में नाकाम रही.’’

ओवैसी इस साल दिसंबर में होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए पार्टी की तैयारियों का जायजा लेने के लिए गुजरात आए थे. उन्होंने कहा, ‘‘मेरी राय है कि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए. लेकिन मीडिया ट्रायल नहीं होना चाहिए, क्योंकि यह दिखाया गया है कि अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों द्वारा पत्थर फेंके गए थे. ठोस सबूत होने पर दिखाएं. अन्यथा, मीडिया ट्रायल नहीं होना चाहिए."

आणंद जिले की पुलिस ने बुधवार को कहा था कि रामनवमी पर खंभात शहर में सांप्रदायिक हिंसा शहर में मुस्लिम समुदाय का प्रभुत्व कायम करने के लिए "स्लीपर मॉड्यूल" द्वारा रची गई एक "सुनियोजित साजिश" थी. हिंसा की साजिश रचने में संलिप्तता के आरोप में पुलिस पहले ही 11 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है.

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(The above story first appeared on LatestLY on Apr 14, 2022 07:21 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).