असम में NRC से छूटे, लेकिन मतदाता सूची में नाम होने पर डाल सकते हैं वोट; राजनीतिक दलों ने किया स्वागत
राजनीतिक दलों ने निर्वाचन आयोग के इस फैसले का स्वागत किया है कि आगामी विधानसभा चुनाव में ऐसे लोग भी वोट डाल सकते हैं जिनका नाम राष्ट्रीय नागरिक पंजी में नहीं है, लेकिन उनका नाम मतदाता सूची में दर्ज है. निर्वाचन आयोग द्वारा इस बारे में स्थिति स्पष्ट किए जाने के एक दिन बाद आज सत्तारूढ़ भाजपा ने कहा कि ऐसे लोगों का मताधिकार बरकरार रखना होगा। वहीं, कांग्रेस तथा एआईयूडीएफ ने आयोग के इस निर्णय का स्वागत किया है.
गुवाहाटी, 21 जनवरी. राजनीतिक दलों ने निर्वाचन आयोग के इस फैसले का स्वागत किया है कि आगामी विधानसभा चुनाव में ऐसे लोग भी वोट डाल सकते हैं जिनका नाम राष्ट्रीय नागरिक पंजी में नहीं है, लेकिन उनका नाम मतदाता सूची में दर्ज है. निर्वाचन आयोग द्वारा इस बारे में स्थिति स्पष्ट किए जाने के एक दिन बाद आज सत्तारूढ़ भाजपा ने कहा कि ऐसे लोगों का मताधिकार बरकरार रखना होगा। वहीं, कांग्रेस तथा एआईयूडीएफ ने आयोग के इस निर्णय का स्वागत किया है.
राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) में राज्य में 3.29 करोड़ आवेदकों में से 19 लाख से अधिक लोगों के नाम बाहर हो गए थे। हालांकि भारत के महापंजीयक ने इसे अब तक अधिसूचित नहीं किया है. मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा ने केंद्रीय गृह मंत्रालय के आदेश का हवाला देते हुए कल यहां कहा था कि जिन लोगों का नाम एनआरसी में नहीं है, लेकिन मतदाता सूची में है तो वे विधानसभा चुनाव में वोट डाल सकते हैं. यह भी पढ़ें-असम एनआरसी में हो सकते हैं 2.77 लाख 'अवांछित' नाम
भाजपा की असम इकाई के अध्यक्ष रंजीत दास ने पीटीआई- से कहा कि ऐसे लोगों के मताधिकार की यथास्थिति बरकरार रखनी होगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 21, 2021 11:23 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

